आवासीय स्कूल में बच्ची से दुष्कर्म के आरोपी की कोर्ट में पेशी के वक्त महिलाओं ने हंगामा किया। महिलाओं का आरोप है कि आरोपी ने उनके बच्चों के साथ भी दुष्कर्म किया है। पुलिस को आशंका थी कि महिलाएं आरोपी पर हमला बोल सकती हैं। ऐसे में आरोपी को एक निजी वाहन से पेशी पर लाया गया। न्यायालय ने आरोपी को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया है।
नेहरू कॉलोनी थाना क्षेत्र में एनजीओ की ओर से संचालित हो रहे इस स्कूल में यह मामला रविवार को सामने आया था। पुलिस ने पीड़ित बच्ची की मां की शिकायत पर आरोपी संचालक जनार्दन बिंजौला को गिरफ्तार कर लिया था। उसके साथियों से भी पूछताछ की जा रही थी। सोमवार को आरोपी जनार्दन को न्यायालय में पेश किया जाना था। इसके लिए करीब एक बजे का समय रखा गया था, लेकिन इससे पहले ही न्यायालय परिसर में कई महिलाएं एकत्र हो गईं। महिलाओं ने आरोपी संचालक को फांसी दिए जाने की मांग करते हुए हंगामा किया। ज्यादातर महिलाओं का कहना था कि जनार्दन ने उनके बच्चों के साथ भी गलत काम किया है। पुलिस को डर था महिलाएं आरोपी पर हमला कर सकती हैं। ऐसे में उसे काफी देर तक कोर्ट में पेश नहीं किया गया। लगभग तीन घंटे बाद पुलिस जब उसे प्राइवेट कार से वहां लेकर पहुंची तो महिलाओं ने वहां भी पीछा कर उस पर हमलेे का प्रयास किया। जैसे-तैसे पुलिस उसे बचाकर कोर्ट में पेश करने में कामयाब रही।
सभी से कहा, थाने में दे तहरीर
महिलाओं को समझाने के लिए पुलिस को भारी मशक्कत करनी पड़ी। मुकदमे की विवेचक और थाना प्रभारी इंस्पेक्टर राकेश गुसाईं ने महिलाओं को समझाया कि यदि उसने और बच्चों के साथ गलत काम किया है तो वह अपने अपने प्रार्थनापत्र पुलिस को दे सकती हैं। सभी के प्रार्थनापत्रों पर जांच के बाद कार्रवाई की जाएगी।
बच्चों से भी जानकारी ले रही पुलिस
आरोपी पर पहले से ही अंदेशा है कि उसने कई और के साथ भी गलत काम किया है। आवासीय स्कूल में कुल आठ बच्चे पढ़ते हैं। ऐसे में अन्य बच्चों से भी जानकारी जुटाई जा रही है। इसके लिए पुलिस ने बाल कल्याण समिति के पदाधिकारियों को भी साथ रखा हुआ है।