ऐसे में आक्रोशित आंदोलनकारियों ने प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की। सोमवार को शकुंतला देवी, नागी देवी, भगवती व सुषमा देवी जहर की शीशी लेकर निर्माणाधीन कलेक्ट्रेट की छत पर चढ़ गई।
चेताया कि जब तक डीएम सूची में सभी 824 आवेदन दर्ज नहीं कर देते, तब तक वे छत से नीचे नहीं उतरेंगी। इस बीच एसडीएम किशन सिंह नेगी कलेक्ट्रेट पहुंचे। उन्होंने बताया कि डीएम कोटद्वार में हैं और मंगलवार को वह आंदोलनकारियों से बातचीत करेंगे।
आश्वास के बाद चारों महिलाएं छत से नीचे उतर आई। कलेक्ट्रेट के बाहर वीरा भंडारी, जगमोहन रावत, थामेश्वर प्रसाद कुकरेती, मुन्नी देवी, संपत्ति देवी, कांति देवी, बसंती रौथाण, उर्मिला देवी, दीपा देवी, मंजू देवी छत पर चढ़ी महिलाओं के सर्मथन में नारेबाजी करती रही।