हाथियों के लिए बनाया गया बाड़ा
क्रॉल बनाने के लिए लकड़ियों और बल्लियों का उपयोग किया जाता है। बल्लियों से एक कमरे के समान बाड़ा बनाया जाता है, जिसे आवश्यकता के अनुरूप छोटा व बड़ा किया जा सकता है। क्रॉल में महावत हाथी के ऊपर बैठकर आसानी से उसे प्रशिक्षित कर सकता है। क्रॉल में हाथी ज्यादा हरकत नहीं कर सकता। इसीलिए उसे प्रशिक्षित करने में आसानी होती है और सुरक्षा की दृष्टि से भी ये काफी कारगर है।
उत्तर भारत में पहली बार हाथी को ट्रेन्ड करने के लिए क्रॉल बनाया गया है। महावत को असम से बुलाया गया है। अन्य रेंज में भी क्रॉल बनाने की योजना है। प्रशिक्षण के लिए विभाग द्वारा हाथी को गश्त के लिए उपयोग में लाया जाएगा।
-सनातन सोनकर, निदेशक, राजाजी टाइगर रिजर्व