मूसलाधार बारिश के बीच अचानक से घरों में पानी भरने से लोगों में अफरा-तफरी का माहौल पैदा हो गया। सड़कों पर जमा होने के बाद पानी इतनी जल्दी घरों में घुसा की कई जगह तो लोगों को सामान संभालने तक का मौका नहीं मिला। कुछ इलाकों में जहां जलभराव के बीच लोग अपना सामान समेटने लगे वहीं कई जगह लोग खुद को सुरक्षित करने के लिए घर को जस का तस छोड़कर दूसरी मंजिल पर चले गए।
कारगी पटेलनगर रोड पर फंस गई पुलिस की टीम
लालपुल से कारगी चौक जाने वाली सड़क पर ब्लेसिंग फार्म के पास सड़क पर दो फीट तक पानी बहने लगा। खेतों से आ रहा पानी नदी की तरह सड़क पार कर रफ्तार के साथ बहने लगा। जिससे सड़क पर आवाजाही जोखिमभरी हो गई। यहां से गुजर रहे कुछ बाइक सवार तो हादसे का शिकार होते-होते बचे। वहीं, टीएचडीसी देहरखास में लोगों की मदद को जा रही चीता पुलिस की टीम भी यहां फंस गई और आगे नहीं जा पाई।
रिस्पना-बिंदाल उफान पर, लोगों को किया सतर्क
शनिवार रात हुई मूसलाधार बारिश से रिस्पना और बिंदाल नदी उफान पर आ गई। कई जगह इनसे सटी बस्तियों में जलभराव होने से खतरा भी पैदा हो गया। जिसके बाद प्रसाशन की टीम ने मौके पर पहुंच कर मुनादी कराई और लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी। वहीं रिस्पना और बिंदाल के अलावा कई बड़े नाले भी ओवरफ्लो हो गए। कई जगह छोटे-मोटे नुकसान की भी खबरें आईं।
देहरादून शहर में शनिवार रात तीन घंटे से भी ज्यादा मूसलाधार बारिश सुबह तक जारी रही। इसे अतिवृष्टि बताया जा रहा है। वहीं लगातार बारिश होने से हरकत में आए मौसम विभाग ने रात में ही चेतावनी जारी कर लोगों से सतर्क रहने की अपील की थी। उधर, पुलिस की टीमें भी देर रात तक इधर से उधर भागती रहीं।
दहशत में कटी पूरी रात
रात करीब साढ़े तीन बजे बारिश रुकने और पानी उतरने के बाद लोगों ने राहत की सांस ली। वहीं, ये दहशत भी बरकरार रही कि कहीं फिर से जलभराव न हो जाए। कई जगह जहां लोगों ने पूरी रात जागकर काटी तो कई जगह लोग सुबह तक साफ-सफाई करते रहे।
जलभराव के दौरान बिजली गुल होने से बढ़ी दिक्कत
जिस वक्त लोगों के घरों में पानी घुसा उस वक्त शहर के ज्यादातर इलाकों में बिजली गुल थी, जिससे लोगों की दिक्कतें और भी बढ़ गईं। कई जगह तो लोगों ने जैसे-तैसे मोबाइल और टॉर्च की रोशनी में अपना सामान समेटा। दरअसल बारिश के दौरान कई इलाकों में बिजली की लाइनों में फाल्ट आ गया, जिससे सुबह तक लाइट का आना जाना लगा रहा।