सहस्रधारा रोड स्थित तपोवन एन्क्लेव के क्रॉस नंबर- 8 में 12 परिवार पिछले एक साल से पानी की किल्लत से परेशान हैं। यहां सुबह-शाम सप्लाई के दौरान लोग मोटर चलाकर पानी भरने के प्रयास करते हैं, लेकिन असफलता ही हाथ लगती है। ऐसे में लोगों को टैंकर मंगाकर काम चलाना पड़ रहा है।
स्थानीय निवासियों ने बताया कि क्षेत्र में ननूरखेड़ा के ओवरहेड टैंक से पानी की सप्लाई की जाती है। कई घर ऊंचाई वाले क्षेत्र में होने से सप्लाई के दौरान पानी नहीं आ पाता है। लोग मोटर चलाकर पानी भरने की कोशिश करते हैं, लेकिन आधा आधा घंटे तक मोटर चलाने के बाद भी पानी नहीं आता। पिछले एक साल से यह समस्या बनी हुई है। इस संबंध में उत्तर शाखा के अधिकारियों से भी संपर्क किया गया, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई। ऐसे में लोगों को टैंकर मंगाकर ही काम चलाना पड़ रहा है।
पुरानी लाइन से आता है गंदा पानी
स्थानीय निवासियों ने बताया कि जल संस्थान की पेयजल लाइन के अलावा एक अन्य लाइन भी पास से गई है। यह अंग्रेजों के समय की बहुत पुरानी पेयजल लाइन है, जो मालदेवता से दिलाराम बाजार तक जाती है। इस लाइन से किसी का कनेक्शन नहीं था। जब लंबे समय से नई लाइन से पानी नहीं मिला तो इस लाइन से कनेक्शन जोड़ लिया। यह लाइन 24 घंटे चलती है, लेकिन इसका पानी इतना गंदा है कि पीने के लिए उपयोग नहीं कर सकते।
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हमें पानी का बिल हर तीन महीने पर देना होता है, लेकिन पिछले एक साल से पानी नहीं मिल पा रहा है। - सुबोध कुमार
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हम लोग पिछले एक साल से पानी की समस्या से परेशान हैं। टैंकर मंगाकर पानी इस्तेमाल करना पड़ रहा है। - प्रभात भारद्वाज
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आधा घंटा मोटर चलने के बाद भी पानी नहीं मिल पाता है। कनेक्शन पुरानी लाइन से जोड़ा तो गंदा पानी मिल रहा है। - मीना हलधर
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जल संस्थान की टीम को सूचना दी, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। जांच के लिए टीम आएगी तो बेहतर होगा। - सुनीता सकलानी
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जल संस्थान की टीम सुबह और शाम को यहां पर आए, जब पेयजल आपूर्ति होती है तो उन्हें क्षेत्र की सही स्थिति पता चल सकेगी। - असरफी असवाल
इस संबंध में हमें कोई शिकायत नहीं मिली है। यहां पर टीम को भेजकर स्थिति पता करवाई जाएगी। - संजय सिंह, अधिशासी अभियंता, उत्तर शाखा, जल संस्थान