एक अप्रैल से प्रदेश भर में जल मूल्य और सीवर सीट चार्ज महंगा होने जा रहा है। अब पानी के बिलों में 45 से 55 रुपये का इजाफा होगा। एक अप्रैल से जल मूल्य नौ से 11 फीसदी तक बढ़ेगा। जबकि सीवर सीट चार्ज में नौ से 15 फीसदी यानी एक से 6 रुपये तक की बढ़ोत्तरी होगी।
अब तक उपभोक्ताओं को घरेलू कनेक्शनों पर 580 रुपये पानी का बिल चुकाना होता है। जो कि ग्रामीण क्षेत्रों में टोटियों पर निर्भर करता है। नौ फीसदी के इजाफे के बाद यह बढ़कर 625 रुपये हो जाएगा। जबकि 11 फीसदी की बढ़ोत्तरी के बाद बिल 635 रुपये आएगा।
वहीं कामर्शियल बिल, कनेक्शनों के लिए बढ़ोत्तरी 15 फीसदी ही रहेगी। वर्तमान में उपभोक्ता वर्ष 2013 से लागू टैरिफ के अनुसार पानी का बिल अदा करते हैं। तब यह बिल 15 फीसदी बढ़ाया जा रहा था। वर्ष 2014 में जल मूल्य में 15 फीसदी इजाफा हुआ। वर्ष 2015 में फिर से 15 फीसदी का इजाफा किया गया।
हालांकि नवंबर 2015 में तत्कालीन सरकार ने एक से दो टोटी वालों के लिए इसे 9 फीसदी कर दिया। तब नौ और 15 फीसदी के दो स्लॉट तैयार हुए। इस पर अन्य उपभोक्ताओं ने भी छूट देने की मांग की तो इसे 15 फीसदी से घटाकर 11 फीसदी कर दिया गया। जो कि जुलाई 2016 से लागू हुआ। इस वर्ष 15 फीसदी की व्यवस्था पूरी तरह से समाप्त हो चुकी है।