उन्होंने कहा कि आप अपने परिवार, समुदाय और देश के लिए कीर्ति अर्जित करें। यही गुरुओं और अभिभावकों के प्रति सबसे महत्वपूर्ण दक्षिणा होगी। उन्होंने ट्वीट कर मेधावी छात्रों के शैक्षणिक भ्रमण के लिए विधायक कंडारी की सराहना करते हुए धन्यवाद भी दिया है।
उपराष्ट्रपति ने कहा कि उत्तराखंड देवभूमि है। यह हमारे महान पूर्वज संतों की पुण्य भूमि है। उत्तराखंडवासियों को प्रकृति का आशीर्वाद प्राप्त है। वन संपदा व जल संसाधन के रुप में उत्तराखंड के पास विकास के सभी साधन उपलब्ध हैं।
कहा कि यदि प्रकृति ने आपको संसाधन दिए हैं, तो पर्यावरण का संरक्षण करना भी आप सभी का कर्तव्य है। उन्होंने पर्यटन के बारे में बोलते हुए कहा कि पर्यटन अपने आप में शिक्षा का माध्यम है। आप नए अनुभवों से बहुत कुछ सीखते हैं। पर्यटन आपको पूर्ण नागरिक बनाता है। वहीं, देश के उपराष्ट्रपति से मिलकर बच्चे उत्साहित एवं खुश नजर आए।