वहीं, बस अड्डे से लेकर ज्ञानसू तक जगह-जगह गंगोत्री हाईवे पर पानी भर गया। रात में बारिश कम होने पर लोगों ने राहत की सांस ली। लेकिन तभी वरुणावत पर्वत से बोल्डर गिरना शुरू हो गए। भटवाड़ी रोड के साथ ये बोल्डर मस्जिद मोहल्ले क्षेत्र में गिर रहे हैं। इससे डरे-सहमे गोफियारा क्षेत्र के कई परिवार जल निगम रोड पर आ गए हैं, जो कि पत्थर गिरना बंद होने का इंतजार कर रहे हैं। क्षेत्र के प्रताप सिंह रावत ने बताया कि पत्थर गिरने के बीच भूस्खलन जैसी तेज आवाज आई, जिससे लोग ज्यादा डरे-सहमे हैं।
कुछ परिवारों ने अपने रिश्तेदार व परिचितों के घर शरण ली है। इधर, जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी देवेंद्र पटवाल ने बताया कि सुरक्षा की दृष्टि से गोफियारा क्षेत्र के कुछ लोगों को सुरक्षित स्थानों पर शिफ्ट किया जाएगा। हालांकि खबर लिखे जाने तक लोगों को शिफ्ट करने का काम शुरू नहीं किया गया था। बता दें कि वर्ष 2003 में वरुणावत पर्वत से भारी भूस्खलन हुआ था, जिसके चलते कई बहुमंजिला होटल ध्वस्त हो गए थे।