गुप्तकाशी में कालीमठ घाटी के कोटमा ग्राम पंचायत के सोलनू व मंजीरा तोक के 35 परिवार दो माह से बरसाती पानी पीने को मजबूर हैं। गांवों की पेयजल लाइन जगह-जगह क्षतिग्रस्त है, लेकिन मरम्मत व पुनर्निर्माण के लिए अभी तक कोई प्रयास नहीं हो रहे हैं।
सोलनू व मंजीरा के लिए लगभग एक दशक पूर्व स्पेशल कंपोनेंट्स प्लान में पेयजल लाइन का निर्माण किया गया था, लेकिन उसके बाद योजना की सुध नहीं ली गई, जिस कारण यह जर्जर होती गई। दो माह पूर्व तेज मूसलाधार बारिश से जगह-जगह हुए भूस्खलन के कारण पेयजल योजना स्रोत से लेकर गांव तक कई स्थानों पर टूट चुकी है।
क्षेत्र पंचायत सदस्य सोमेश्वरी देवी, प्रधान आशा देवी, सामाजिक कार्यकर्ता ओम प्रकाश भट्ट, संदीप भट्ट, कुलदीप शाह, रामलाल आर्य ने बताया कि क्षतिग्रस्त पेयजल लाइन के बारे में प्रशासन व संबंधित अधिकारियों को अवगत कराया जा चुका है।
इधर, जलसंस्थान के ईई संजय सिंह ने बताया कि बरसात से काफी योजनाओं को क्षति पहुंची हैं, जिनकी स्थायी मरम्मत व पुनर्निर्माण के लिए प्रस्ताव तैयार किए जा रहे हैं। हरसंभव प्रयास हो रहा है कि प्रभावित गांवों में वैकल्पिक व्यवस्था के तहत पानी मिल सके।