उत्तराखंड में सहायक अध्यापक से प्रवक्ता पद पर डेढ़ हजार शिक्षकों की पदोन्नति के लिए शिक्षक इंतजार करते रह गए। शिक्षकों के तबादलों के बाद पदोन्नति से शिक्षक एक स्कूल से दूसरे स्कूल में घूमते रह जाएंगे। इससे जहां शिक्षकों को परेशानी होगी, वहीं स्कूलों में पढ़ाई भी प्रभावित होगी।
शिक्षा विभाग में एलटी से प्रवक्ता के पद पर डेढ़ हजार शिक्षकों की पदोन्नति होनी है, जनवरी में यह पदोन्नति होनी थी। लेकिन, विभागीय अधिकारियों की हीलाहवाली के चलते अब तक पदोन्नति सूची जारी नहीं हो पाई है।
यह हाल तब है, जबकि शिक्षा मंत्री मंत्री प्रसाद नैथानी विभागीय अधिकारियों को कई बार पदोन्नति सूची जारी करने के निर्देश दे चुके हैं। विभागीय अधिकारियों का कहना है कि सीआर न मिलने से पदोन्नति में देरी हुई है। वहीं शिक्षकों का कहना है कि इसके लिए विभागीय अधिकारी जिम्मेदार हैं।
शिक्षकों की सीआर (गोपनीय आख्या) नहीं मिल पाई है, इसके मिलते ही शिक्षकों की पदोन्नति सूची जारी कर दी जाएगी।
- राकेश कुंवर, शिक्षा निदेशक
शिक्षकों के पहले तबादले कर फिर उन्हें प्रमोशन के नाम पर एक विद्यालय से दूसरे विद्यालय में भेजकर उत्पीड़न किया जा रहा है। इससे शिक्षक दो बार प्रताड़ित होगा।
- करनैल सिंह, प्रदेश अध्यक्ष राजकीय शिक्षक संघ