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उत्तराखंड छात्र संघ चुनाव: 11 विश्वविद्यालयों और 104 महाविद्यालयों में 10 सितंबर से पहले होंगे चुनाव

Tue, 27 Aug 2019 08:20 AM IST
अलका त्यागी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून
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- फोटो : प्रतीकात्मक तस्वीर
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प्रदेश के समस्त 11 विश्वविद्यालयों और 104 महाविद्यालयों में 10 सितंबर से पहले छात्र संघ चुनाव होंगे। जबकि एपेक्स बॉडी के चुनाव 13 सितंबर तक होंगे। सोमवार को सचिवालय में उच्च शिक्षा राज्यमंत्री धन सिंह रावत की अध्यक्षता में हुई बैठक में यह निर्णय लिया गया। 

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मंत्री ने चुनावों में लिंगदोह कमेटी की सिफारिशों का कड़ाई से अनुपालन करने के निर्देश दिए हैं। बैठक में उच्च शिक्षा मंत्री ने बताया कि सभी कुलपतियों को निर्देश दिए गए हैं कि चुनाव को लेकर छात्रों से वार्ता कर लें। इसके बाद चुनाव की तिथि घोषित कर दी जाएगी। सभी विश्वविद्यालयों एवं महाविद्यालयों में एक ही दिन चुनाव होंगे। 

चुनाव शांतिपूर्वक संपन्न कराए जा सकें, इसके लिए संबंधित जनपद के जिलाधिकारियों एवं एसएसपी को आवश्यक निर्देश जारी किए गए हैं। बैठक में प्रमुख सचिव उच्च शिक्षा आनंद बर्द्धन, पुलिस महानिदेशक कानून व्यवस्था अशोक कुमार, उच्च शिक्षा निदेशक एससी पंत और विभिन्न विश्वविद्यालयों के कुलपति मौजूद रहे।

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छात्रसंघ चुनाव की प्रचार सामग्री छापी तो खैर नहीं

छात्रसंघ चुनाव में कोई भी प्रत्याशी मुद्रित सामग्री से प्रचार नहीं कर सकेगा। यदि कोई प्रत्याशी या समर्थक प्रचार करते पकड़ा जाता है तो उस समेत संबंधित प्रिंटिंग प्रेस संचालक पर कार्रवाई की जाएगी। विजेता पदाधिकारी का निर्वाचन तक रद्द किया जा सकता है।

रविवार को शहर के प्रिंटिंग प्रेस संचालकों के साथ एसपी सिटी श्वेता चौबे ने अपने कार्यालय में बैठक की। इस दौरान एसपी सिटी ने कहा कि छात्रसंघ चुनाव के लिए निर्धारित लिंगदोह कमेटी के नियमों के तहत किसी भी प्रत्याशी को प्रचार के लिए मुद्रित इश्तहार, पम्फ्लेट, पुस्तिका अथवा अन्य मुद्रित सामग्री के प्रयोग की अनुमति नहीं है। प्रचार के लिए छात्रसंघ के प्रत्याशी केवल हाथ से बने इश्तहार का प्रयोग कर सकते हैं।

आचार संहिता का उल्लंघन करने पर प्रत्याशी की उम्मीदवारी अथवा उसका निर्वाचन रद किया जा सकता है। निर्वाचन अधिकारी, महाविद्यालय या विश्वविद्यालय के अधिकारी नियम तोड़ने वाले के विरुद्ध कार्रवाई कर सकते हैं। इसके अलावा विभिन्न वर्गों के बीच द्वेष फैलाने और निर्वाचन संबंधी अन्य अपराधों पर होने वाली रोक और कार्रवाई के नियम छात्रसंघ चुनाव पर भी लागू होंगे। एसपी सिटी ने प्रिंटिंग प्रेस संचालकों को स्पष्ट दिशा निर्देश दिए कि छात्रसंघ के लिए मुद्रित सामग्री छापने पर उनके विरुद्ध भी षड्यंत्र में शामिल होने का मुकदमा दर्ज किया जाएगा।
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गढ़वाल विवि के बिड़ला परिसर में छात्रसंघ चुनाव का नामांकन शुरू

गढ़वाल विश्वविद्यालय के बिड़ला परिसर में छात्रसंघ चुनाव प्रक्रिया शुरू हो गयी है। यहां नामांकन के लिए पहले दिन विभिन्न पदों के लिए 18 नामांकन पत्र बिके। पहले दिन सिर्फ एक ही प्रत्याशी ने नामांकन कराया। इधर, छात्र संगठन डीएसओ ने नामांकन पत्र और नामांकन शुल्क की वृद्धि पर रोष जताया है। 

सोमवार से बिड़ला परिसर में छात्रसंघ के लिए नामांकन शुरू हो गए। नामांकन मंगलवार (आज) के अपराह्न 2 बजे चलेगा। सोमवार को निर्धारित समय शाम चार बजे तक कुल 18 नामांकन पत्र बिके। मुख्य चुनाव अधिकारी प्रो.एसएन बहुगुणा ने बताया कि अध्यक्ष व कोषाध्यक्ष पद के लिए 2-2, उपाध्यक्ष, सहसचिव, विवि प्रतिनिधि व कार्यकारिणी सदस्य के लिए 3-3  और सहसचिव और छात्र प्रतिनिधि के लिए 1-1 नामांकन पत्र खरीदा गया।

उन्होंने बताया कि पहले दिन अध्यक्ष पद के लिए अंकित रावत ने नामांकन कराया।  इस मौके पर प्रो. दीपक कुमार, प्रो. अनिल नौटियाल, डा. दीपक भंडारी, डा. विनीत मौर्य और डा. विजयकांत पुरोहित आदि मौजूद थे। इधर, छात्र संगठन डीएसओ की नगर इकाई अध्यक्ष रेशमा पंवार और बिड़ला परिसर की छात्रसंघ सहसचिव पूजा भंडारी ने छात्र संघ चुनाव शुल्क में वृद्धि का विरोध किया है। उन्होंने कहा कि प्रत्याशी का फार्म भरने में एक हजार रुपये खर्च हो रहा है। जबकि लिंगदोह कमीशन के अनुसार अधिकतम खर्च सीमा 5 हजार रुपये है। जब छात्र प्रवेश लेते हैं, तो छात्रसंघ की फीस भी भरते हैं। ऐसे में शुल्क बढ़ाना उचित नहीं है। 
 
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