हर परिवार को दी जाएगी यूनिक आईडी
परिवार पहचानपत्र में जो भी डाटा सहेजा जाएगा, उसमें परिवार की सहमति ली जाएगी। हर परिवार को यूनिक फैमिली आईडी दी जाएगी। ऑटोमैटिक अपडेशन के लिए फैमिली आईडी को जन्म, मृत्यु और विवाह रिकॉर्ड से जोड़ा जाएगा। तीनों में से किसी का भी रजिस्ट्रेशन होने पर जानकारी फैमिली आईडी में अपडेट हो जाएगी। फैमिली आईडी में छात्रवृत्ति, सब्सिडी और पेंशन जैसी योजनाओं की जानकारी भी अपडेट होगी।
योजनाओं के लाभ को आवेदन की जरूरत नहीं
परिवार पहचानपत्र का डाटा सरकारी योजनाओं में पात्रता निर्धारित करने के लिए उपयोग किया जाएगा। इसके माध्यम से योजनाओं का लाभ प्राप्त करने के लिए लाभार्थियों का स्व-चयन होगा। एक बार डाटाबेस बनने के बाद परिवारों को सरकारी योजनाओं के तहत लाभ प्राप्त करने के लिए आवेदन करने की आवश्यकता नहीं होगी। इसके अलावा डाटा प्रमाणित और सत्यापित होने के बाद कोई और दस्तावेज जमा करने की जरूरत नहीं होगी।