उत्तराखंड निकाय चुनाव: राज्य निर्वाचन आयोग की प्रेस वार्ता
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लोकसभा, विधानसभा चुनावों की भांति नगर निकायों के चुनाव में भी दम आजमाने वाले नेताओं को अपना आपराधिक ब्योरा देना होगा। इस ब्योरे को जिला निर्वाचन अधिकारी अपनी वेबसाइट पर प्रसारित करने के साथ ही अखबारों के माध्यम से जनता के बीच तक उसकी सूचना पहुंचाएंगे। पहली बार आयोग ने यह शुरुआत की है।
वार्ड या निकाय अध्यक्ष का चुनाव लड़ने वाले प्रत्याशियों को इस बार शपथ पत्र पर अपना आपराधिक ब्योरा भी देना होगा। उस प्रत्याशी के खिलाफ किस थाने में किन धाराओं में कितने मुकदमे दर्ज हैं, इसकी सूचना जिलाधिकारी को देनी होगी। जिलाधिकारी के स्तर से सभी ऐसे प्रत्याशियों का यह ब्योरा किसी प्रचार के माध्यम जैसे वेबसाइट आदि पर जारी करनी है।