आयुक्त ने कहा, मतदान के बाद पोलिंग पार्टियों को वापस आने में काफी देरी हो जाती है, जिससे उनके वापस घर लौटने के लिए यातायात सुविधा नहीं हो पाती। पोलिंग पार्टियों से बैलेट बॉक्स वापस जमा कराने के बाद उनको उनके गंतव्य तक पहुंचने के लिए भुगतान आधारित यातायात सुविधा उपलब्ध कराना भी सुनिश्चित करें। इस मौके पर सचिव राज्य निर्वाचन आयोग राहुल कुमार गोयल, संयुक्त सचिव कमलेश मेहता एवं उपसचिव वीरेंद्र रावत सहित अन्य उच्चाधिकारी उपस्थित थे।
संवेदनशील बूथों पर अतिरिक्त सुरक्षा बल
राज्य निर्वाचन आयुक्त सुशील कुमार ने संवेदनशील एवं अतिसंवेदनशील पोलिंग स्टेशनों के लिए आवश्यक सुरक्षा बल का आकलन एवं तैनाती पर भी विशेष बल देेने के निर्देश दिए। कहा, पुलिस और प्रशासन की टीमें लगातार अपने क्षेत्रों का भ्रमण कर पोलिंग स्टेशन एवं पोलिंग बूथ की व्यवस्थाएं चाक-चौबंद रखें। कहा, क्षेत्रों के भ्रमण कर लॉ एंड ऑर्डर एवं लॉजिस्टिक्स की व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जाएं। कहा, सभी सेक्टर और जोनल मजिस्ट्रेट को अपने क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले पोलिंग स्टेशन और पोलिंग बूथों का लगातार दौरा कर चुनाव निष्पक्ष एवं शांतिपूर्ण ढंग से कराने की व्यवस्थाएं सुनिश्चित करें। उन्होंने शराब सहित अवैध मादक पदार्थों के जब्ती पर संतुष्टि व्यक्त करते हुए कहा, इस प्रकार के गतिविधियों को रोकने के लिए प्रवर्तन सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने मतदान ड्यूटी में लगे वाहनों के ईंधन के लिए चिह्नित पेट्रोल पंपों को पूर्व से ही उचित मात्रा में फ्यूल रिजर्व में रखने की बात कही।