रैथल गांव में जिले का पहला हॉर्टि-टूरिज्म सेंटर तैयार करने की योजना
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दयारा बुग्याल की सैर पर आने वाले पर्यटक अब हॉर्टि-टूरिज्म (उद्यान पर्यटन ) से प्रकृति के बीच आधुनिकता का अहसास भी कर पायेंगे। इसके लिए उद्यान विभाग ने दयारा बुग्याल के प्रमुख पड़ाव रैथल गांव में जिले का पहला हॉर्टि-टूरिज्म सेंटर तैयार करने की योजना बनाई है। जिसमें 1.11 करोड़ रुपए की लागत से सेब व अखरोट की नर्सरी के साथ फलों की ग्रेडिंग व पैकेजिंग के लिए पैक हाऊस का निर्माण भी किया जाएगा।
जिला मुख्यालय से करीब 42 किलोमीटर की दूरी पर स्थित रैथल गांव में उद्यान विभाग का फार्म है। 30 हेक्टेयर के इस फार्म में से 5 हेक्टेयर भूमि जड़ी बूटी शोध केंद्र को दी गई है। इस भूमि में से एक से डेढ़ हेक्टेयर पर उद्यान विभाग और पर्यटन को जोड़कर हॉर्टि-टूरिज्म सेंटर विकसित करने की योजना है।
विभागीय अधिकारियों के मुताबिक नाबार्ड से मिले 93 लाख रुपए से सेंटर में फलों की ग्रेडिंग व पैकिंग के लिए पैक हाऊस का निर्माण होगा। एक अन्य मद से सेब व अखरोट की पारंपरिक व आधुनिक प्रजाति व किस्मों को सहेजने के लिए के लिए इनकी नर्सरी तैयार की जायेगी।
इसके अलावा सेंटर में 805 मीटर का खूबसूरत ट्रैक होगा। जिसके दोनों ओर सजावटी पौधे पर्यटकों का स्वागत करेंगे। सेंटर में सोलर लाइटें व व्यू प्वाइंंट भी होंगे। जहां से पर्यटक गंगा घाटी के विहंगम नजारों को निहार सकेंगे। विभाग की योजना रंग लाई तो इससे रैथल में होम स्टे संचालकों को भी लाभ मिलने की उम्मीद है।