ज्यादा जोखिम और जानलेवा माहौल में आग बुझाने के लिए अब फायर कर्मियों को आग में कूदने की जरूरत नहीं पड़ेगी। जल्द ही यह जोखिम भरी जिम्मेदारी रोबोट को दी जा सकती है। बुधवार को फायर ब्रिगेड देहरादून में एक स्वदेशी रोबोट को प्रदर्शन (डेमो) के लिए बुलाया गया था। अधिकारियों के मुताबिक इसकी सीमाएं परखने के बाद रोबोट को पर फैसला किया जाएगा।
दरअसल, कई बार आग संकरी गलियों में लगती है जहां बडे़ वाहन नहीं जा पाते हैं। इसके साथ ही भयंकर आग, जहरीली गैस और विस्फोट जैसी परिस्थितियों में यह फायर ब्रिगेड कर्मचारियों के लिए भी जानलेवा साबित होती है। भले ही उनके पास अत्याधुनिक कपड़े भी क्यों न हों। ऐसे में अधिकारियों ने रोबोट लाने की योजना बनाई है।
बुधवार को डीआईजी फायर ब्रिगेड मुख्तार मोहसीन व डायरेक्टर फायर सर्विस एसके राणा की मौजूदगी में इस रोबोट का प्रदर्शन किया गया। डीआईजी मोहसीन ने बताया कि परिसर में रोबोट की सीमाओं और क्षमताओं को परखा गया है। अभी और भी इसकी तकनीकी विशेषताओं को परखा जाएगा। पूरी तरह से आकांक्षाओं पर खरा उतरने के बाद ही इसे सेवा में शामिल किया जाएगा। यह रोबोट कुंभ मेले में प्रदर्शन के लिए लाया गया था।
30 डिग्री की चढ़ाई चढ़ने में सक्षम
यह रोबोट एटीवी (ऑल टेरेन व्हीकल) के प्लेटफार्म पर बनाया गया है। इसे लाने ले जाने के लिए एक अलग से वाहन की आवश्यकता होती है। जबकि, पानी फेंकने के लिए उसे दूसरे वाहन से कनेक्ट करना पड़ता है। वाहन की ग्राउंड क्लियरेंस (जमीन से ऊंचाई) लगभग 165 एमएम है। यह 30 डिग्री की चढ़ाई चढ़ने में सक्षम है। बैटरी से चलने वाले इस रोबोट में छह सस्पेंशन लगे हुए हैं। यह करीब 30 मीटर तक पानी फेंक सकता है। इसकी कीमत करीब डेढ़ करोड़ बताई जा रही है।