उत्तराखंड में ट्राउट फिश का उत्पादन बढ़ाने के लिए डेनमार्क से उच्च गुणवत्ता का सीड्स आयात किया जाएगा। प्रदेश में 4500 फिट की ऊंचाई वाले क्षेत्रों में सरकार ट्राउट फिश का उत्पादन बढ़ाने पर फोकस कर रही है। इस क्रम में वर्ष 2020-21 के लिए मत्स्य विभाग को 20 करोड़ रुपये का बजट जारी किया गया है।
सोमवार को पशुपालन एवं मत्स्य पालन मंत्री रेखा आर्य ने विधानसभा स्थित कार्यालय में वीडियो कांफ्रेंसिंग से प्रदेश में चल रही मत्स्य पालन योजनाओं की समीक्षा की। उन्होंने कहा कि मत्स्य पालन में स्वरोजगार की काफी संभावनाएं है। बाजार में ट्राउट फिश की मांग अधिक होेने के साथ ही कीमत भी ज्यादा है। चमोली, उत्तरकाशी, रुद्रप्रयाग समेत अन्य पर्वतीय जिलों में ट्राउट फिश उत्पादन के लिए डेनमार्क से उच्च गुणवत्ता का सीड्स आयात किया जाएगा। इसके लिए मत्स्य पालकों से सीड की मांग तैयार की जाए।
मंत्री ने सभी जिलों के मत्स्य निरीक्षकों को निर्देश दिए कि आदर्श तालाब निर्माण के कार्यों में तेजी लाई जाए। मत्स्य विभाग को चालू वित्तीय वर्ष के लिए 20 करोड़ का बजट दिया गया है। शीघ्र ही जिलों को बजट का आवंटन किया जाएगा। कोविड महामारी के कारण उत्तराखंड लौटे प्रवासियों को भी स्वरोजगार के लिए मत्स्य पालन की योजनाओं से लाभान्वित किया जाए। अच्छी गुणवत्ता की मछलियों को प्रदेश से बाहर आपूर्ति की जाएगी। बैठक में सचिव मत्स्य पालन आर.मीनाक्षी सुंदरम, कार्यवाहक निदेशक एचके पुरोहित मौजूद रहे।