ट्रांजिट कैंप की राजा कॉलोनी में हुई चार जघन्य हत्याओं के मामले में मुख्य आरोपी सहित दो लोगों को जेल भेजने के बाद पुलिस ने नामजद तीसरी आरोपी महिला लीलावती से घंटों पूछताछ की लेकिन वारदात में उसकी लिप्तता की पुष्टि नहीं हो पाई है।
महिला ने सिर्फ माता-पिता की मौत होने की जानकारी होने की बात कही है। उसने कई बार की पूछताछ में हत्याओं की जानकारी होने को सिरे से नकारा है। पुलिस लीलावती को फिर से पूछताछ के लिए बुलाएगी। एक ही परिवार के चार लोगों की हत्या का खुलासा करते हुए पुलिस ने मृतक हीरालाल के दामाद नरेंद्र और रिश्तेदार विजय को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था।
केस में नरेंद्र की पत्नी लीलावती को भी नामजद किया गया था। पुलिस ने उससे कई बार पूछताछ की थी। पुलिस सूत्रों के अनुसार पूछताछ में लीलावती ने बताया कि कुछ महीने पहले पति ने पिता और मां की मौत होने और अंतिम संस्कार करने की बात बताई थी। उसे बताया गया कि उसकी बहनें हल्द्वानी में हैं और वह जल्द ही उनसे मिलवाएगा। उसे इस बात की जानकारी नहीं थी कि पति ने परिजनों की हत्या कर दी है।
पुलिस की कई बार पूछताछ के बाद भी वह हत्याओं की जानकारी नहीं होने पर अड़ी रही। पुलिस ने राजा कॉलोनी में मोहल्लेवासियों के रवैये को भांपते हुए लीलावती को फूफा के घर में रह रहे उसके चार बच्चों के पास भेज दिया है। एसएसपी दलीप सिंह कुंवर ने बताया कि प्रारंभिक पूछताछ में हत्याकांड में लीलावती की संलिप्तता के साक्ष्य नहीं मिले हैं। राजा कॉलोनी की हालिया परिस्थितियों को देखते हुए लीलावती को अभी उसके फूफा के साथ भेजा गया है। बाद में उसे पूछताछ के लिए फिर बुलाया जाएगा।