10 को वीपीडीओ और 17 अक्तूबर को ग्राम प्रधान का निलंबन
अकौढ़ा खुर्द गांव में कराई गई विभागीय जांच में सड़क निर्माण में गड़बड़ी की बात सामने आई थीं। इसपर डीपीआरओ अतुल प्रताप सिंह ने 10 अक्तूबर को ग्राम पंचायत विकास अधिकारी शंकरदीप को निलंबित कर दिया था। मामले में नोटिस जारी होने के बाद भी दस्तावेज उपलब्ध नहीं कराने पर जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने 17 अक्तूबर को ग्राम प्रधान बसंती देवी को निलंबित कर दिया था। ग्राम प्रधान की ओर से निलंबन के खिलाफ उच्च न्यायालय में याचिका दायर की गई थी लेकिन उन्हें उच्च न्यायालय से भी राहत नहीं मिल सकी है।
जांच में अमर उजाला की खबर का भी उल्लेख
सड़क निर्माण में गड़बड़ी के मामले में वीपीडीओ शंकरदीप के निलंबन की खबर सबसे पहले अमर उजाला ने प्रमुखता से प्रकाशित की थी। निलंबन आदेश जारी होने के बाद भी ग्राम सभा के खाते से भुगतान किए जाने की शिकायत पर कराई गई जांच में अमर उजाला की खबर का संज्ञान लेते हुए उल्लेख किया गया है। निलंबन के आदेश जारी होने के बाद भी निलंबित वीपीडीओ ने ग्राम सभा की बैठक में प्रतिभाग किया था। हालांकि बैठक के बाद विभाग ने उन्हें निलंबन आदेश रिसीव कराए थे।