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Uttarakhand: उपभोक्ताओं को झटका..9.64 फीसदी महंगी हुई बिजली, एक अप्रैल से लागू होंगी नई दरें

Thu, 30 Mar 2023 02:53 PM IST
अलका त्यागी अमर उजाला ब्यूरो, देहरादून

सार

Electricity Tariff in Uttarakhand: आयोग ने घरेलू उपभोक्ताओं के लिए भी बिजली की दरें बढ़ाई हैं। वहीं, फिक्स चार्ज में कोई बदलाव नहीं किया है।
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विद्युत नियामक आयोग के अधिकारी - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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उत्तराखंड के 24 लाख बिजली उपभोक्ताओं को कल यानी एक अप्रैल से जोर का झटका लगेगा। उत्तराखंड विद्युत नियामक आयोग ने बिजली दरों में 9.64 प्रतिशत की बढ़ोतरी कर दी है। वहीं, चार लाख बीपीएल उपभोक्ताओं की बिजली दरों में पांच साल के बाद 10 पैसे प्रति यूनिट की बढ़ोतरी की गई है। आयोग ने समय से बिल भुगतान करने वाले उपभोक्ताओं को पहले के मुकाबले ज्यादा छूट का प्रावधान भी किया है।

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नियामक आयोग के अध्यक्ष डीपी गैरोला व सदस्य तकनीकी एमके जैन ने बताया कि जनसुनवाई के बाद उन्होंने फिक्स चार्ज में कोई बढ़ोतरी नहीं की है। तीनों ऊर्जा निगमों (यूपीसीएल, यूजेवीएनएल और पिटकुल) ने कुल 28.57 प्रतिशत बढ़ोतरी का प्रस्ताव दिया था, जिसके सापेक्ष आयोग ने 9.64 प्रतिशत की बढ़ोतरी की है। वर्तमान में 31 मार्च तक सरचार्ज लागू है, जिसके चलते यह बढ़ोतरी 1.79 प्रतिशत है। सभी घरेलू उपभोक्ताओं को हर महीने बिजली बिल भेजा जाएगा। सदस्य तकनीकी एमके जैन ने बताया कि राष्ट्रीय टैरिफ नीति के अनुसार, आपूर्ति की औसत लागत से 20 प्रतिशत पर क्रॉस सब्सिडी रखने के लिए बढ़ोतरी की गई है। इस टैरिफ बढ़ोतरी के बाद घरेलू श्रेणी की क्रॉस सब्सिडी 19.8 से 20 प्रतिशत तक पहुंच रही है।

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7000 मत्स्य पालकों को राहत

प्रदेश के करीब सात हजार मत्स्य पालक अभी तक व्यावसायिक श्रेणी में आते थे। आयोग ने पहली बार इन्हें कृषि श्रेणी में शामिल कर लिया है। उसी हिसाब से उन्हें बिजली के कनेक्शन देकर वापस बिल लिए जाएंगे। कॉमर्शियल से कृषि बनने पर इन मत्स्य पालकों को हर साल 60 से 80 हजार रुपये की बचत होगी।

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किस श्रेणी में कितनी बढ़ोतरी (रुपये प्रति यूनिट)

श्रेणी-                             पहले दर      नई दर       प्रतिशत बढ़ोतरी
घरेलू-                             4.98         5.33             6.98
अघरेलू-                          6.95         7.74             11.41
गवर्नमेंट पब्लिक यूटिलिटी- 6.74         7.70             14.16
प्राइवेट ट्यूबवेल               2.20          2.37              7.61
एलटी इंडस्ट्रीज-              6.47          7.20              11.21
एचटी इंडस्ट्रीज-              6.54-         7.26               11.05
मिक्स लोड-                    6.01          6.95              15.54
रेलवे-                             5.64          6.89               22.12
ईवी चार्जिंग स्टेशन-           5.50          6.25             13.64
 

10 दिन में बिल भुगतान पर छूट बढ़ी

नियामक आयोग ने बिजली बिल 10 दिन के भीतर जमा करने वालों को कुछ राहत दी है। डिजिटल भुगतान करने वालों को अब 1.25 प्रतिशत के बजाए 1.50 प्रतिशत छूट मिलेगी। अन्य माध्यमों से 10 दिन के भीतर बिल जमा करने वालों को अब 0.75 प्रतिशत के बजाए 1 प्रतिशत की छूट मिलेगी। नियामक आयोग के मुताबिक, इससे उपभोक्ताओं को करीब 18 प्रतिशत प्रति वर्ष का लाभ मिलेगा। हालांकि ऑनलाइन बिल का भुगतान 80 फीसदी हो चुका है।

किसानों को राहत दी

किसानों को भी प्राइवेट ट्यूबवेल(पीटीडब्ल्यू) का बिल एक माह के भीतर जमा कराने पर पांच प्रतिशत छूट मिलेगी। बिल समय से जमा न कराने पर किसान का कनेक्शन चार माह से पहले नहीं कटेगा।

किस श्रेणी के कितने उपभोक्ता होंगे प्रभावित

श्रेणी-                                   उपभोक्ता
बीपीएल-                               4,30,201
घरेलू-                                   19,64,440
व्यावसायिक-                           2,89,867
एलटी इंडस्ट्री-                          14,071
एचटी इंडस्ट्री-                           2,402
प्राइवेट ट्यूबवेल-                       42,718
मिक्स लोड-                               81
अन्य राज्य-                               04
इलेक्ट्रिक व्हीकल चार्जिंग स्टेशन- 03
स्ट्रीट लाइट-                             2963
राजकीय सिंचाई-                      1924
वाटर वर्क्स-                              2196
रेलवे ट्रैक्शन-                            02
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सिक्योरिटी डिपॉजिट का ब्याज हर साल मिलेगा

आपने बिजली का कनेक्शन लेते वक्त जो भी सिक्योरिटी फीस जमा कराई होगी, अब हर साल मई माह में उसका 6.75 प्रतिशत ब्याज आपको मिलेगा। नियामक आयोग ने इस संबंध में दिशा-निर्देश जारी किए हैं। अगर उद्योगों को महीने में औसत 18 घंटे प्रतिदिन की आपूर्ति न हुई तो उन्हें फिक्स चार्ज 100 के बजाए 80 प्रतिशत देना होगा।

बीपीएल उपभोक्ताओं के लिए पांच साल बाद बढ़ोतरी

प्रदेश के बीपीएल उपभोक्ताओं के लिए नियामक आयोग ने पांच साल बाद बढ़ोतरी की है। चार लाख से अधिक बीपीएल उपभोक्ताओं को अब 10 पैसे प्रति यूनिट अतिरिक्त देना होगा। अब इन उपभोक्ताओं को 1.65 रुपये प्रति यूनिट के बजाए 1.75 रुपये प्रति यूनिट देना होगा। इससे पूर्व नियामक आयोग ने 2018-19 में बीपीएल श्रेणी में दरें बढ़ाई थी।
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