उधर, लोक निर्माण विभाग ने डोबरा चांठी परियोजना क्रियान्वयन इकाई (पीआईयू) को बदरीनाथ शिफ्ट किया है। ये इकाई अब बदरीनाथ धाम को स्प्रिचुअल स्मार्ट हिल टाउन बनाने की योजना पर काम करेगी।
मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रदेश का लोक निर्माण विभाग (लोनिवि) बदरीनाथ धाम को स्प्रिचुअल स्मार्ट हिल टाउन बनाने की योजना पर काम करेगा। इसके लिए प्रदेश सरकार ने लोनिवि की एक अलग परियोजना क्रियान्वयन इकाई (पीआईयू) बनाई है। मास्टर प्लान पर जल्द काम शुरू हो जाएगा। करीब 400 करोड़ की लागत से बदरीनाथ में स्प्रिचुअल टाउन बनाने की योजना है।
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उधर, लोक निर्माण विभाग ने डोबरा चांठी परियोजना क्रियान्वयन इकाई (पीआईयू) को बदरीनाथ शिफ्ट किया है। ये इकाई अब बदरीनाथ धाम को स्प्रिचुअल स्मार्ट हिल टाउन बनाने की योजना पर काम करेगी। इस डिविजन का मुख्यालय जोशीमठ को बनाया गया है। टिहरी में कार्यरत कार्मिक जोशीमठ व बदरीनाथ कार्यरत होंगे। इस संबंध में अनुसचिव लोनिवि दिनेश कुमार पुनेठा ने आदेश जारी कर दिया है। पीआईयू में नए पद नहीं बनाए जाएंगे। पीआईयू मुख्य अभियंता पौड़ी के नियंत्रण में होगा। गोपेश्वर के अधीक्षण अभियंता अपने पदीय दायित्वों के साथ मुख्य परियोजना प्रबंधक के रूप में काम करेंगे। वह परियोजना के पर्यवेक्षण व अन्य विभिन्न प्रक्रियाएं के लिए जवाबदेह होंगे।
प्रमुख अभियंता की अध्यक्षता में एक परियोजना सलाहकार समिति बनेगी। इसमें मुख्य अभियंता पौड़ी, मुख्य अभियंता एडीबी सदस्य तथा अधीक्षण अभियंता गोपेश्वर इसके सदस्य सचिव होंगे। समिति परियोजना की समीक्षा, निरीक्षण व तकनीकी मार्गदर्शन के लिए उत्तरदायी होगी। प्रमुख सचिव या सचिव लोनिवि मुख्य परियोजना समन्वयक होंगे। जोशीमठ लोनिवि के उपलब्ध भवनों से ही कार्यालयों का संचालन होगा।
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दूसरी बार टला केदारनाथ का दौरा
मुख्यमंत्री को शुक्रवार को केदारनाथ धाम जाना था। उन्हें वहां चल रहे पुनर्निर्माण कार्यों का निरीक्षण करना था। उनका हेलीकॉप्टर देहरादून से केदारनाथ के लिए उड़ा, लेकिन खराब मौसम के कारण वह केदारनाथ नहीं जा पाए। इससे पहले भी खराब मौसम के कारण मुख्यमंत्री का दौरा टल चुका है।
बर्फबारी से पहले पूरे होने हैं पुनर्निर्माण कार्य
मुख्यमंत्री ने कहा कि केदारनाथ में चल रहे अधिकतर पुनर्निर्माण कार्यों को बर्फबारी शुरू होने से पहले पूरा किया जाएगा। वह पुनर्निर्माण कार्यों की लगातार समीक्षा कर रहे हैं। अब तक चार समीक्षा बैठकें ले चुके हैं।