भाजपा की प्रदेश कोर कमेटी की बैठक में पार्टी को विवादों से बचाने पर जोर दिया गया था, लेकिन भाजपा का विवादों से पीछा छूटेगा, ऐसा लग नहीं रहा है। पिछले दिनों हरिद्वार जिले में ही पार्टी विधायक देशराज कर्णवाल का एक ऑडियो वायरल हुआ था, जिसमें वे एक चीनी मिल के कारिंदे को अपशब्द कह रहे थे। इसका पार्टी ने संज्ञान लिया और विधायक को ताकीद किया।
इससे पहले जब चैंपियन का निष्कासन बहाल हुआ तो वह कोरोनाकाल की बंदिशों के बावजूद स्वागत समारोह को लेकर विवादों में आ गए। पार्टी ने उन्हें भी ताकीद किया। वहीं, लोहाघाट से भाजपा विधायक पूरन फर्त्याल की विवादित बयानबाजी ने भी संगठन और सरकार के लिए दुविधा पैदा कर दी है। जबकि द्वाराहाट विधायक महेश नेगी को लेकर पार्टी पहले से ही असहज है।
मुझे चैंपियन के वीडियो की जानकारी नहीं है, लेकिन यदि उन्होंने कुछ गलत किया होगा, तो पार्टी इसका संज्ञान लेगी।
- बंशीधर भगत, प्रदेश अध्यक्ष, भाजपा
आम आदमी पार्टी ने विधायक कुंवर प्रणव सिंह चैंपियन के वायरल वीडियो को लेकर भाजपा पर सवाल उठाए हैं। आप ने कहा कि विधायक की दबंगई पर कार्रवाई करने के बजाय भाजपा पर्दा डाल रही है।
आप प्रवक्ता उमा सिसोदिया ने कहा कि भाजपा विधायक अपनी हरकतों से बाज नहीं आ रहे हैं। पूर्व में भी विधायक के कई वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुए हैं। इसके बावजूद भाजपा ने कोई कार्रवाई नहीं की है।
सिसोदिया ने कहा कि वायरल वीडियो में विधायक के ही एक कर्मचारी ने उनके ऊपर कब्जा करने का आरोप लगाया है। उन्होंने चेतावनी दी कि विधायक के खिलाफ कार्रवाई नहीं की गई तो आप की ओर से आंदोलन किया जाएगा। उन्होंने पीड़ित परिवार को सुरक्षा उपलब्ध कराने की मांग की है।
खानपुर विधायक कुंवर प्रणव सिंह चैंपियन ने दस्तावेज दिखाते हुए दो भाइयों की ओर से लगाए गए प्रताड़ना के आरोपों को नकार दिया है। विधायक का कहना है कि उनके राजनैतिक और सामाजिक छवि को नुकसान पहुंचाने के लिए दोनों भाइयों समेत विरोधियों ने साजिश रची है। वायरल वीडियो में जो लो आरोप लगाए गए हैं, वह पूरी तरह बेबुनियाद हैं। साजिश करने वालों को मुंहतोड़ जवाब दिया जाएगा।
गंगनहर पटरी स्थित कैंप कार्यालय पर शुक्रवार को विधायक कुंवर प्रणव सिंह चैंपियन ने प्रेसवार्ता कर कहा कि दोनों भाई संजय अग्रवाल और अजय अग्रवाल वर्षों से उनकी पारिवारिक संपत्ति की देखभाल करते आ रहे हैं। दोनों ने उनकी दुकानों का किराया दुकानदारों से लिया, लेकिन जमा नहीं किया। दिसंबर में उन्हें जानकारी मिली कि दोनों भाइयों ने हिसाब में गड़बड़ी की है। इस पर उन्होंने दोनों से हिसाब बनाने की बात कही। नौ जनवरी को संजय अग्रवाल उनके कार्यालय पर आए और हिसाब बनाया। इसके बाद करीब साढ़े चार करोड़ का हिसाब बना।
संजय ने कुछ रियायत मांगी तो उन्होंने दो करोड़ 44 लाख जमा करने की बात कही। इसके बाद संजय ने रुड़की स्थित गंगा एनक्लेव और लंढौरा के मकान की नोटरी करा दी और 11 जनवरी को बैनामा करने की बात कही। आरोप है कि इसके बाद वह मुकर गए और उनके खिलाफ गलत बयानबाजी करने लगे। संजय ने वीडियो वायरल कर जो आरोप लगाए हैं, वह बेबुनियाद हैं। वह उनके विरोधियों के साथ मिलकर साजिश रच रहे हैं। उनके पिता ने इस मामले में दोनों के खिलाफ केस दर्ज कराया है और वह भी कार्रवाई करेंगे। प्रेसवार्ता के दौरान विधायक ने कई ऑडियो भी सुनाई और वीडियो व सीसीटीवी फुटेज भी दिखाए। इसमें संजय और उनके भाई की बातचीत है। कहा कि इससे साफ है कि आरोप झूठे हैं।
बसपा प्रदेश उपाध्यक्ष ने उठाई जांच की मांग
पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष एवं बसपा के प्रदेश उपाध्यक्ष राजेंद्र चौधरी ने खानपुर विधायक पर लगे आरोपों की जांच की मांग की है। उन्होंने कहा कि यदि खानपुर विधायक करोड़ों के घोटाले की बात कह रहे हैं तो लेनदेन अरबों का होगा। ऐसे में शासन को इस मामले में हस्तक्षेप कर गंभीरता से जांच करानी चाहिए। शुक्रवार को जारी प्रेस बयान में चौधरी राजेंद्र सिंह ने कहा कि केंद्र व राज्य सरकार धर्म आधारित राजनीति करती है और खुद को हिंदू समाज की ठेकेदार के रूप में दिखाती है, लेकिन लंढौरा प्रकरण में दो भाई कह रहे हैं कि वे धर्म परिवर्तन कर लेंगे। ऐसे में भाजपा को भी इसका संज्ञान लेना चाहिए। साथ ही यदि दोनों भाइयों पर वाकई में किसी तरह गलत दबाव बनाया जा रहा है तो उन्हें सुरक्षा दी जानी चाहिए।