विरेंद्र सिंह ने व्यक्ति से 15 हजार रुपये रिश्वत की मांग की। इस आधार पर विजिलेंस ने एक ट्रैप टीम का गठन किया। विरेंद्र ने पीड़ित को रिश्वत की रकम लेकर मंगलवार को अपने कार्यालय में बुलाया था। दोपहर करीब डेढ़ बजे व्यक्ति जैसे ही विरेंद्र सिंह के कार्यालय में पहुंचा और उसे रिश्वत दी तो पीछे से पहुंची विजिलेंस की टीम ने उसे रंगेहाथ गिरफ्तार कर लिया। निदेशक डॉ. मुरुगेशन ने बताया कि आरोपी के घर और कार्यालय में विजिलेंस टीम ने तलाशी की है।
उससे तमाम संपत्तियों के बारे में भी पूछताछ की जा रही है। उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की भ्रष्टाचार के प्रति जीरो टाॅलरेंस की नीति के चलते लगातार विजिलेंस कार्रवाई कर रही है। पिछले दिनों कुमाऊं क्षेत्र में भी दो सरकारी अधिकारियों को डेढ़ लाख रुपये की रिश्वत के साथ गिरफ्तार किया गया था।