-मसूरी एसडीएम वरुण चौधरी ने लॉकडाउन के बीच अवैध निर्माण होने की सूचना पर क्षेत्र में छापा मारा। इस दौरान चार मजदूर और एक ठेकेदार निर्माण करते पाए गए। एसडीएम के आदेश के बाद सभी पर मुकदजा दर्ज कर गिरफ्तार कर लिया गया है। वहीं, वहीं दूसरी ओर जंगलों के बीच जुआ खेलते मिले सात नेपालियों को भी हिरासत में लिया है।
- बागेश्वर जिला अस्पताल के आइसाेलेशन वार्ड में एक संदिग्ध युवक काे भर्ती किया गया है। कमेड़ीदेवी क्षेत्र का रहना वाला यह युवक मार्च महीने में बंगलुरु से लौटा है। इधर, संस्थागत क्वारंटीन से जिन पांच लोगों के सैंपल जांच के लिए भेजे गए थे, उनकी रिपोर्ट निगेटिव आई है। अब तक जिले से 17 लोगों के सैंपल जांच के लिए भेजे जा चुके हैं, सभी की रिपोर्ट निगेटिव आई है।
- एक और कोरोना पॉजिटिव मरीज मिलने की पुष्टि हुई है। प्रदेश में कुल मरीजों की संख्या अब 47 हो चुकी है। वहीं 24 मरीज सही हो चुके हैं।
- देहरादून में दो लोगों की मौत के बाद बुजुर्ग की रिपोर्ट निगेटिव आई है। अभी युवक की रिपोर्ट का इंतजार है। वहीं, दून मेडिकल कॉलेज अस्पताल में भर्ती नौ महीने के बच्चे की रिपोर्ट भी आज निगेटिव आई है। बच्चे को छह दिन पहले रिपोर्ट पॉजिटिव आने पर दून अस्पताल में भर्ती किया गया था। अस्पताल के डिप्टी एमएस और कोरोना के स्टेट कोआर्डिनेटर डॉ एनएस खत्री ने इसकी पुष्टि की है।
- देहरादून में सहारनपुर चौक के पास डिवाइडर के किनारे पैसे पड़े देखकर वहां हड़कंप मच गया। लोगों की इसकी सूचना पुलिस को दी। पुलिस ने मौके पर पहुुंचकर वहां से नोटों को उठाया।
- अब राज्य में जरूरी वस्तुओं की दुकानों के साथ ही किताबों की दुकानें भी खुल रही हैं। आज गुरुवार को किताबों की दुकानें खुलीं। दुकानों में सुबह से खरीदारी करने लोगों की भीड़ है। इसके लिए बुधवार को शिक्षा सचिव आर मीनाक्षी सुंदरम की ओर से आदेश जारी किया गया था। वहीं अभिभावकों को पुस्तक विक्रेताओं के नाम, पते और टेलीफाने नंबर देने की बात कही गई। देहरादून और डोईवाला में किताबों की होम डिलीवरी की व्यवस्था करने के लिए भी कहा गया है।
- बुधवार को श्रम विभाग द्वारा श्रमिकों के खातों में 1000 रुपए डालने के आदेश के बाद आज गुरुवार को देहरादून के घंटाघर स्थित पोस्ट ऑफिस में खाता खुलवाने के लिए लंबी लाइन लगी रही।
- राजधानी देहरादून में नेशविला रोड पर खुले एक सैलून को पुलिस ने बंद कराया। जब दुकानदार से इसका कारण पूछा तो उन्होंने कहा कि वह दुकान खाली कर रहे हैं।
- प्रदेश के प्राइवेट स्कूल शिक्षकों व स्कूल के अन्य स्टाफ को नियमित रूप से वेतन देंगे। पूरे सत्र में फीस में किसी तरह की बढ़ोतरी नहीं होगी। फीस जमा करवाने के लिए अभिभावकों पर दबाव भी नहीं बनाया जाएगा और फीस जमा न होने पर किसी बच्चे का नाम नहीं काटा जाएगा। यह आदेश भी शिक्षा सचिव आर मीनाक्षी सुंदरम ने जारी किए हैं।