फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Uttarakhand Lockdown : छह बजे से दुकान खोल रहे हैं कुछ दुकानदार, अधिक कमाई का लालच नहीं छोड़ पा रहे व्यापारी

Thu, 09 Apr 2020 04:00 PM IST
Nirmala Suyal Nirmala Suyal न्यूज़ डेस्क, अमर उजाला, रुद्रपुर
विज्ञापन
उत्तराखंड में लॉकडाउन - फोटो : amar ujala
विज्ञापन

कोरोना वायरस संकरण की रोकथाम के लिए तय की गई बाजार खोलने की समय सीमा का रुद्रपुर में कुछ दुकानदार खुलेआम उल्लंघन कर रहे हैं।

विज्ञापन


अधिक कमाई के लालच में कुछ दुकानदार छह बजे से ही दुकानें खोल रहे हैं। जबकि सब्जी मंडी में सुबह साढ़े पांच बजे से चोरी-छुपे फड़ों पर सब्जी बेची जा रही है। पुलिस कर्मियों के सात बजे से ड्यूटी पर पहुंचने का यह दुकानदार पूरा फायदा उठा रहे हैं।

लॉकडाउन के बीच लोगों को राहत देने के लिए सुबह सात बजे से दोपहर एक बजे तक दुकानें खोलने की छूट मिली है। लेकिन रुद्रपुर के गोल मार्केट, मुख्य बाजार, सब्जी मंडी और नैनीताल हाइवे के किनारे लोग सुबह छह बजे से दुकानें खोलकर सामान बेचना शुरू कर रहे हैं।
विज्ञापन


देहरादून में भी खुल रही किताबों की दुकान

देहरादून में भी डिस्पेंसरी रोड पर कुछ किताबों की दुकान लॉकडाउन के समय खुल रही हैं। लोग यहां सामुदायिक दूरी का पालन भी नहीं कर रहे हैं।

विज्ञापन

समय के बाद तक दुकानें खोलने वालों के खिलाफ कार्रवाई

पुलिस प्रशासन द्वारा तय से समय के बाद तक दुकानें खोलने वालों के खिलाफ कार्रवाई हो रही है, जबकि सुबह तय समय से जल्द दुकान खोलने वालों पर ध्यान नहीं दिया जा रहा है। इस कारण कुछ दुकानदार मनमानी पर उतर आए हैं।

सब्जी मंडी में सुबह साढ़े पांच बजे से ही कुछ ठेले वाले सब्जी और फल बेचना शुरू कर रहे हैं। चूंकि पुलिस कर्मी भी सात बजे से ड्यूटी पर पहुंच रहे हैं, इसलिए समय से पहले दुकानें खोलने वालों के खिलाफ कार्रवाई नहीं हो पा रही है। कुछ सब्जी विक्रेता चोरी-छुपे फड़ों पर सब्जियां बेच रहे हैं।

ठेलों पर सब्जी बेचने वाले विक्रेता भी सामाजिक दूरी का पालन नहीं कर रहे हैं। सब्जी मंडी परिसर में राशन की दुकानों पर भी भीड़ लग रही है। बृहस्पतिवार को सब्जी मंडी के पास नैनीताल हाइवे किनारे सब्जी और फल के ठेले पर लोगों को भीड़ की शक्ल में खड़े नजर आए। बाजार में छह बजे तो सब्जी मंडी परिसर के राशन व्यापारी साढ़े पांच बजे से दुकानें खोलकर बैठ गए। लेकिन पुलिस प्रशासन द्वारा उनके खिलाफ सख्त रुख नहीं अपनाया गया।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें