राज्य निर्वाचन आयोग जिला पंचायत अध्यक्षों और क्षेत्र पंचायत प्रमुखों के चुनाव तेजी से निपटाने की तैयारियों में जुट गया है। नवंबर के पहले सप्ताह में चुनाव होने की संभावना है और सप्ताह भर के अंदर ही परिणाम भी घोषित कर दिए जाएंगे।
पंचायत चुनाव के अगले चरण में अब राज्य निर्वाचन आयोग को जिला पंचायत अध्यक्ष और उपाध्यक्ष, क्षेत्र पंचायत प्रमुख, ज्येष्ठ और कनिष्ठ उप प्रमुखों आदि के चुनाव कराने हैं। यह चुनाव चुने गए सदस्यों के वोट के आधार पर होते हैं। इस चुनाव में सदस्यों की खरीद फरोख्त, सदस्यों को विदेशों की सैर कराने, धमकाने आदि के मामले सामने आते रहे हैं। इसी शिकायत को लेकर देहरादून निवासी विपुल जैन ने हाईकोर्ट में याचिका दाखिल की थी।
उनका कहना था कि इन चुनावों की लंबी अवधि होती है और इस वजह से लोगाें को सदस्यों को अपने पाले में करने के लिए समय मिल जाता है। इस पर हाईकोर्ट ने समय अवधि कम करने का आदेश दिया था। इसी को देखते हुए आयोग ने नामांकन और परिणाम के बीच का फासला कम से कम रखना तय किया है। राज्य निर्वाचन आयुक्त चंद्रशेखर भट्ट ने बताया कि चुनाव कार्यक्रम इतनी कम अवधि का रखा जाएगा कि नामांकन के बाद सदस्यों को अधिक समय नहीं मिल पाएगा।