सेना अधिकारी ने घटना की पुष्टि की है। उन्होंने कहा कि उत्तर कश्मीर के गुरेज में घुसपैठ की कोशिश नाकाम करने के दौरान सेना के एक मेजर और तीन सैनिक शहीद हो गए।
इसमें 36आरआर के मेजर केपी राणे, जवान हमीर सिंह, विक्रमजीत और मंदीप शहीद हुए हैं। काफी देर तक गोलीबारी जारी रही। इसी दौरान आतंकियों की गोली से सेना के चार जवान शहीद हो गए। ऑपरेशन अब भी जारी है। सेना के सूत्रों ने बताया कि ऑपरेशन स्थल से दो आतंकियों के शवों को भी बरामद किया गया है। इलाके में अन्य आतंकियों के भी छुपे होने की आशंका है।
बताया जा रहा है कि 2003 में हुए समझौते के बाद पहली बार इस सेक्टर में पाकिस्तान की ओर से मोर्टार दागे जा रहे हैं। भारतीय जवान भी लगातार पाकिस्तान की फायरिंग का जवाब दे रहे हैं। आपको बता दें कि खुफिया एजेंसियां स्वतंत्रता दिवस के मद्देनजर घुसपैठ की आशंका जता चुकी है।
बॉर्डर पर सुरक्षाकर्मी अलर्ट हैं। ऐसी खुफिया सूचना है कि लश्कर-ए-तैयबा, जैश-ए-मोहम्मद और हिजबुल मुजाहिदीन के आतंकियों ने 15 अगस्त को जम्मू-कश्मीर और नई दिल्ली में आतंकवादी हमले को अंजाम देने की योजना बनाई है।