फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

हाईकोर्ट ने रखा पूर्व मुख्यमंत्री कोश्यारी की संपत्ति की जांच का प्रस्ताव, जानिए पूरा मामला

Wed, 27 Feb 2019 09:57 AM IST
Nirmala Suyal Nirmala Suyal न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नैनीताल
विज्ञापन
भगत सिंह कोश्यारी
विज्ञापन

हाईकोर्ट ने पूर्व मुख्यमंत्री और नैनीताल सांसद भगत सिंह कोश्यारी की संपत्ति की जांच कराए जाने का प्रस्ताव रखा है। कोश्यारी ने हाईकोर्ट में शपथपत्र पेश कर अपनी खराब माली हालत का हवाला देते हुए सरकारी बंगले का किराया अदा करने में असमर्थता जताई है।

विज्ञापन


इस पर कोर्ट ने उनकी संपत्ति की जांच का प्रस्ताव रखा। बता दें कि कोश्यारी पर करीब 47 लाख की देनदारी है। हाईकोर्ट ने पूर्व मुख्यमंत्रियों से किराया वसूली पर सुनवाई पूरी कर निर्णय सुरक्षित रखा है। 

मुख्य न्यायाधीश रमेश रंगनाथन और न्यायमूर्ति रमेश चंद्र खुल्बे की खंडपीठ में मंगलवार को पूर्व मुख्यमंत्रियों से सरकारी आवास खाली कराने और उनसे अब तक का किराया बाजार दर पर वसूलने के मामले की सुनवाई पूरी हो गई है।
विज्ञापन


रूलेक संस्था देहरादून के अध्यक्ष अवधेश कौशल की जनहित याचिका पर हुई इस सुनवाई के बाद खंडपीठ ने मामले में निर्णय सुरक्षित रख लिया है। कोर्ट में पूर्व मुख्यमंत्री रमेश पोखरियाल निशंक और विजय बहुगुणा की ओर से बताया कि उन्होंने सरकार की ओर से निर्धारित धनराशि जमा कर दी है, जबकि पूर्व मुख्यमंत्री और भाजपा के सांसद भगत सिंह कोश्यारी की ओर से धन के अभाव में निर्धारित राशि जमा करने में असमर्थता जताई गई।

विज्ञापन

यह है मामला

याचिकाकर्ता की ओर से कहा गया है कि पूर्व मुख्यमंत्रियों को असंवैधानिक तरीके से आवासों का आवंटन किया गया है। याची ने कहा कि उप्र की पूर्व मुख्यमंत्री आवास आवंटन नियमावली 1997 को उच्चतम न्यायालय ने असंवैधानिक घोषित कर दिया है। वर्ष 2004 में जारी आवास आवंटन संबंधी  शासनादेश भी पूर्व मुख्यमंत्रियों पर लागू नहीं होता है। याची ने कोर्ट से आग्रह किया कि कोर्ट तय बाजार दर पर पूर्व मुख्यमंत्रियों से किराये की धनराशि के वसूल करने के निर्देश जारी करे। 

किस पर कितनी राशि बकाया
याचिका में प्रदेश के पांच पूर्व मुख्यमंत्रियों भगत सिंह कोश्यारी, स्व. नारायण दत्त तिवारी, रमेश पोखरियाल निशंक, भुवन चंद्र खंडूड़ी और विजय बहुगुणा को सरकारी आवास आवंटित किए जाने का मामला उठाया गया है। इन सभी पर कुल 2.85 करोड़ रुपये किराए की राशि बाकी है, जबकि याचिकाकर्ता ने यह राशि 13 करोड़ बताई है। पूर्व मुख्यमंत्री भगत सिंह कोश्यारी पर 47,57,758 रुपये, स्व. नारायण दत्त तिवारी पर 1,12,98,182 रुपये, रमेश पोखरियाल निशंक पर 40,95,560 रुपये, भुवनचंद्र खंडूड़ी पर 46,59,776 रुपये और पूर्व मुख्यमंत्री विजय बहुगुणा पर 37,50,638 रुपये की बकाया राशि आंकी गई है। 


मैंने कोर्ट में शपथ पत्र दिया है कि मैं 47 लाख रुपये की इतनी बड़ी धनराशि जमा नहीं कर सकता। मेरे पास बैंक में दो-चार लाख रुपये हैं। इतनी बड़ी रकम मैं कहां से दूं। किराए के मकान में रहता हूं। पैसा होता तो अपना मकान बनाता। मेरे पास जब है ही नहीं तो मैं कहां से इतनी भारी भरकम धनराशि का भुगतान करूं। जो करना है करें, मैं तो बकाया देने में असमर्थ हूं।
-भगत सिंह कोश्यारी, पूर्व मुख्यमंत्री
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें