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एनआईटी शिफ्टिंग मामले में हाईकोर्ट ने मुख्य सचिव को जारी किया नोटिस, 15 मई तक मांगा जवाब

Tue, 30 Apr 2019 11:41 PM IST
अलका त्यागी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून
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नैनीताल हाईकोर्ट - फोटो : अमर उजाला फाइल फोटो
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श्रीनगर (गढ़वाल) से एनआईटी को शिफ्ट किए जाने के विरोध में सोमवार को दायर जनहित याचिका पर सुनवाई करते हुए हाईकोर्ट ने मुख्य सचिव उत्पल कुमाल सिंह को अवमानना नोटिस जारी किया है। कोर्ट ने सीएस से कहा है कि क्यों न आपके खिलाफ अवमानना की कार्यवाही की जाए। कोर्ट में मुख्य सचिव को 15 मई तक जवाब दाखिल करने के निर्देश दिए हैं।

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न्यायमूर्ति मनोज कुमार तिवारी की एकलपीठ के समक्ष मामले की सुनवाई हुई। मामले के अनुसार श्रीनगर गढ़वाल में एनआईटी के स्थायी कैंपस के मामले में एनआईटी के पूर्व छात्र जसवीर सिंह ने सोमवार को मुख्य सचिव उत्पल कुमार सिंह के खिलाफ अवमानना याचिका दाखिल की थी। 

श्रीनगर से एनआईटी को जयपुर (राजस्थान) शिफ्ट करने को लेकर नाराजगी जताते हुए पूर्व में मुख्य न्यायाधीश रमेश रंगनाथन एवं न्यायमूर्ति एनएस धनिक की खंडपीठ ठ ने कहा था कि मामला राजनीति और ब्यूरोक्रेट के हाथों की कठपुतली बन गया है।
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पूरे राज्य के भूगर्भीय दृष्टि से संवेदनशील होने के जवाब पर खंडपीठ ने सरकार से कई सवाल किए थे। खंडपीठ ने 27 मार्च 2019 को पहाड़ अथवा मैदान में एनआईटी कैंपस लगाने के लिए चार स्थान चिन्हित कर न्यायालय को बताने को कहा था लेकिन सरकार ने तय सीमा तक कोर्ट के समक्ष चिन्हित स्थान नहीं बताए। इस पर कोर्ट ने टिप्पणी करते हुए कहा था कि राज्य सरकार की सुस्ती के चलते उत्तराखंड से इस प्रतिष्ठित संस्थान को बाहर ले जाया जा सकता है। 

कोर्ट ने 25 अप्रैल को मामले को सुनने के बाद याचिकाकर्ता को प्रारंभिक अवमानना कार्यवाही शुरू करने को कहा था। इसी क्रम में याचिकाकर्ता ने हाईकोर्ट में अवमानना याचिका दायर की थी।

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