शिक्षकों के चयन, प्रोन्नत वेतनमान के साथ एक अतिरिक्त वेतनवृद्धि की वसूली पर शासन ने रोक लगा दी। शासन के निर्देश पर माध्यमिक शिक्षा निदेशक डॉ.मुकुल कुमार सती ने इस संबंध में आदेश जारी कर दिया है।
प्रदेश में शिक्षकों को 10 साल में चयन और 22 साल में प्रोन्नत वेतनमान दिया जाता है। शिक्षकों के मुताबिक सातवें वेतनमान के बाद एसीपी व चयन वेतनमान स्वीकृत होने पर एक वेतनवृद्धि दिए जाने का नियम है, लेकिन सरकार ने वर्ष 2019 में एक शासनादेश जारी कर वेतनवृद्धि न देने का निर्णय लिया। इस आदेश के बाद शिक्षकों से वसूली की नौबत आ गई थी।