दो व्यापारी बंधुओं की दुकान और घर पर दबिश के दौरान उनसे अभद्रता और दुर्व्यवहार करने के आरोप में एसपी प्रीति प्रियदर्शिनी ने एसआई अकरम अहमद समेत चार पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया है।
निलंबित अन्य तीन पुलिस कर्मियों में वाहन चालक महेंद्र सिंह जीना, कांस्टेबल नरेंद्र गोस्वामी और रमेश गढ़िया शामिल हैं। डीएम रंजना राजगुरु ने पिथौरागढ़ के संयुक्त मजिस्ट्रेट सौरभ गहरवाल को मामले की मजिस्ट्रेटी जांच के आदेश दिए है। इसके अलावा, पांडे परिवार ने पत्र भेजकर डीएम से सुरक्षा की गुहार लगाई है।
11 सितंबर की शाम करीब सवा सात बजे पुलिस मोहल्ला सेंज निवासी राजेश चंद्र पांडे और गिरीश पांडे की दुकानों पर पहुंची। टीम ने दुकान के ऊपर बने कमरों के ताले तोड़कर चेकिंग के दौरान दोनों भाइयों से कथित तौर पर अभद्रता भी की। आरोप है कि पुलिस कर्मियों ने व्यापारी राजेश पांडे की पत्नी सभासद बबीता पांडे और उनकी मां कमला पांडे से भी धक्कामुक्की की थी।
चेकिंग में कुछ नहीं मिलने पर पुलिस ने सरकारी कार्य में बाधा डालने के आरोप में दोनों भाइयों को गिरफ्तार किया था। इसके विरोध में डीएम, एसपी कार्यालय में शिकायती पत्र सौंपकर पांडे बंधुओं की बिना शर्त रिहाई, मुकदमा वापसी, बाहर की एजेंसी से जांच और पुलिस टीम पर कार्रवाई की मांग की गई थी। इसके बाद एसपी ने सीओ महेश जोशी से जांच आख्या मांगी थी जिसमें दबिश के लिए गई पुलिस टीम को दुर्व्यवहार का दोषी पाया गया।