वन संरक्षक आकाश वर्मा ने बताया कि 3500 मीटर से अधिक ऊंचाई के जंगल में आग लगी है। यह बेहद दुर्गम क्षेत्र है जहां पहुंचना काफी मुश्किल है। पाला और धुंध की भी चुनौती है। बर्फबारी और बारिश न होने के कारण जंगल शुष्क है। आग दूसरे क्षेत्रों में न पहुंचे, इसके लिए प्रयास किए जा रहे हैं।
पहले यूकाडा के हेलिकॉप्टर से आग बुझाने का होगा प्रयास, जरूरत पर वायुसेना भी तैयार
वनाग्नि पर शासन में भी हलचल है। इसके लिए प्रमुख सचिव वन आरके सुधांशु की अध्यक्षता में मंगलवार को बैठक हुई। उन्होंने अधिकारियों से अब तक किए गए प्रयासों के बारे में जानकारी ली। मुख्य वन संरक्षक वनाग्नि नियंत्रण सुशांत पटनायक ने बताया कि पहले यूकाडा के हेलिकॉप्टर से आग बुझाने का प्रयास किया जाएगा। इसके बाद आवश्यकता पड़ी तो वायुसेना से मदद ली जाएगी।