परिहवन, व्यापार होटल सेक्टर में भी मामूली सुधार
रिपोर्ट के अनुसार तृतीय क्षेत्र में शामिल परिवहन, व्यापार, होटल सेक्टर की विकास दर में भी मामूली सुधार का अनुमान है। स्थिर मूल्यों पर वर्ष 2016-17 के दौरान इस सेक्टर की बढ़ोतरी दर 6.98 प्रतिशत का आकलन किया गया है। इस सेक्टर का इस साल 12.27 प्रतिशत का योगदान है।
प्रदेश के जीडीपी की छह गुना है फॉरेस्ट वैल्यू
रिपोर्ट के मुताबिक वन संपदा का मूल्य प्रदेश के जीडीपी का छह गुना है, जबकि प्रदेश के जीडीपी में वन क्षेत्र का महज 3.64 फीसदी का ही योगदान है। पर्यावरणीय पारिस्थितिकीय सेवाओं के मूल्यांकन एवं आकलन के अनुसार वन क्षेत्र से कुल 95,102.7 करोड़ रुपये की फ्लो वैल्यू है। इसमें वन क्षेत्र के विभिन्न टिंबर कार्बन स्टॉाक तथा भूमि मूल्य को जोड़ दें तो कुल स्टॉक वैल्यू 13,60,028 करोड़ रुपये हो जाती है। रिपोर्ट सरकार से आय बढ़ाने की दिशा में विशेष प्रयास करने की वकालत करती है।
बेरोजगारी की दर सात फीसदी
प्रदेश में बेरोजगारी की दर राष्ट्रीय औसत पांच फीसदी से अधिक है। राज्य में बेरोजगारी की दर सात फीसदी है। सर्वेक्षण में चंडीगढ़ लेबर ब्यूरो की रिपोर्ट के हवाले से बताया गया है कि वर्ष 2015-16 के दौरान 15 वर्ष और उससे अधिक आयु के सात फीसदी ऐसे व्यक्तियों को रोजगार उपलब्ध नहीं कराया जा सका जो काम करने के इच्छुक थे। ग्रामीण क्षेत्र में यह 8.1 प्रतिशत तथा शहरी क्षेत्र में 3.2 प्रतिशत है। महिलाओं की बेरोजगारी दर 11.3 फीसदी है, जो पुरुषों की बेरोजगारी दर (छह फीसदी) से काफी अधिक है।
सड़कें कम और वाहन ज्यादा
प्रदेश में जिस रफ्तार से वाहनों की संख्या बढ़ रही है, उस अनुपात में पक्की सड़कों का निर्माण नहीं हो पा रहा है। सर्वेक्षण के मुताबिक वर्ष 2017 तक प्रदेश में 43,762 किमी सड़कें बन चुकी हैं, जबकि दिसंबर तक सड़कों पर वाहनों की संख्या 24.52 लाख हो चुकी है। पिछले 16 वर्षों में पक्की सड़कों का निर्माण जहां 1.7 फीसदी की दर से हुआ, वहीं वाहनों की संख्या में छह गुना दर से बढ़ी। इनमें 90 फीसदी निजी वाहन हैं।
पहली बार आर्थिक सर्वेक्षण रिपोर्ट लाकर सरकार ने राजनीतिक इच्छाशक्ति दिखाई है। रिपोर्ट के जरिए राज्य के आर्थिक हालातों को सामने रखा गया है। इससे आकलन के बाद उन क्षेत्रों पर खास फोकस करने में मदद मिलेगी, जो कमजोर हैं। नियोजन विभाग का यह सराहनीय कार्य है।
- प्रकाश पंत, वित्त मंत्री।
आर्थिक सर्वेक्षण : एक नजर
-राज्य में अधिकांश विस्थापन (54.35 प्रतिशत) ग्रामीण क्षेत्रों से हुआ।
-उत्तराखंड में कुल 23 किमी वन क्षेत्र में वृद्धि।
-सबसे ज्यादा पौड़ी गढ़वाल में और सबसे कम उत्तरकाशी जनपद में बढ़े जंगल।
-राज्य में 5000 होम स्टे स्थापित होंगे।
-2017 में 3 करोड़ 47 लाख 23 हजार पर्यटक आए।
-राज्य में रेस्ट हाउस, होटल व धर्मशालाओं में 3,01185 बिस्तरों की क्षमता।
-प्रदेश में19648 प्राथमिक विद्यालय, जिनमें 754816 छात्र नामांकित।
-3663 माध्यमिक विद्यालयों में 45,679 छात्र
-आंगनबाड़ी केंद्रों में 10,65,399 लाभार्थी पंजीकृत।
-उत्तराखंड में श्रम शक्ति में महिलाओं की भागीदारी ग्रामीण क्षेत्र में 31.5 प्रतिशत है।
-यूपी और राष्ट्रीय औसत से अधिक, लेकिन हिमाचल (52.9 प्रतिशत) से कम है।
आज पेश होगा बजट, 26 तक चलेगा सत्र
विधानसभा में बृहस्पतिवार को प्रदेश सरकार का वर्ष 2018-19 का बजट पेश होगा। वित्त मंत्री प्रकाश पंत शाम चार बजे आय-व्ययक का प्रस्तुतीकरण करेंगे। इस दौरान वह बजट भाषण भी पढ़ेंगे। बुधवार को कार्यमंत्रणा समिति की बैठक हुई, जिसमें सदन में लाए जाने वाले बिजनेस पर चर्चा हुई।
बैठक में 26 मार्च तक का बिजनेस तय कर दिया गया है। मौसम में अचानक आई खराबी के बाद जल्द सत्र निपटाने को लेकर लगाई जा रही अटकलों पर भी विराम लग गया। साथ ही यह भी तय हो गया कि रविवार को सत्र नहीं चलेगा। उस दिन अवकाश रहेगा। बृहस्पतिवार को सुबह सुबह राज्यपाल के अभिभाषण पर चर्चा होगी। उसके बाद उसे सदन में पारित कर दिया जाएगा।