इसके अलावा, निर्माण कार्य मंत्रालय द्वारा चयनित सेंट्रल एजेंसी के माध्यम से होगा। बस पोर्ट से रोडवेज के अलावा निजी बस संचालकों के वाहनों को चलाने की अनुमति दिए जाने की अंडरटेकिंग भी राज्य सरकार को मंत्रालय को देनी होगी।
बस पोर्ट में वेटिंग रूम, वाश रूम से लेकर रेस्तरां आदि होंगे। वाहनों की पार्किंग होगी। पिछले साल तत्कालीन परिवहन सचिव डी. सेंथिल पांडियन के निर्देशन में परिवहन मुख्यालय की टीम ने यात्री सुविधाओं में बढ़ोतरी के लिए गुजरात का दौरा भी किया था, पर बात आगे नहीं बढ़ सकी थी। अब बस पोर्ट की योजना को लेकर अफसर उत्साहित हैं।
बस पोर्ट के लिए रामनगर का चयन किया गया है। इसका प्रस्ताव सड़क, परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय को भेज दिया गया है। बस पोर्ट बनने यात्रियों को सुविधाओं में बढ़ोतरी होगी।
-शैलेश बगौली, सचिव परिवहन विभाग