चावल घोटाले को लेकर भाजपा सरकार के निशाने पर आने के बाद बृहस्पतिवार को प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष प्रीतम सिंह ने जवाबी हमला बोला। उन्होंने प्रदेश सरकार पर आरोप लगाया कि वह बदले की भावना से काम कर रही है।
धारचूला में कांग्रेस नेताओं से दुर्व्यवहार किया जा रहा है। ब्लाक प्रमुख के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव रखा गया। प्रदेश भर में अराजकता का माहौल है। हर जगह कांग्रेस के लोगों का उत्पीड़न किया जा रहा है।
पार्टी ने सरकार को छह महीने की मोहलत दी थी। अब कांग्रेसी सड़कों पर उतरेंगे और भाजपा सरकार की जनविरोधी और कांग्रेस विरोधी मुहिम के खिलाफ आंदोलन करेंगे। जरूरत पड़ी तो जेल भरो आंदोलन चलाया जाएगा।
प्रीतम प्रदेश कांग्रेस भवन में आयोजित पत्रकार वार्ता को संबोधित कर रहे थे। पूर्व सरकार में चावल घोटाले के भाजपा के आरोप पर उन्होंने कहा कि केंद्र व राज्य दोनों जगह सरकार उनकी है। वो चाहें तो सीबीआई से जांच करा लें।
केवल दो साल की ही क्यों पिछले 10 साल के खाद्यान खरीद की जांच कराई जाए। एक प्रश्न के उत्तर में उन्होंने कहा कि घबराएगा वो जिसने गलत किया होगा। अपने कार्यकाल में घोटाला पकड़ने में वह क्यों फेल रहे, इस प्रश्न के उत्तर में उन्होंने कहा कि वह फेल नहीं हुए, ये निचले स्तर का मामला है।
जांच का विषय यह भी है कि धान खरीद में कृषि विभाग भी शामिल है। ढाई प्रतिशत मंडी शुल्क के साथ पांच प्रतिशत वैट वसूलने की भी व्यवस्था थी। जांच में ये तथ्य भी शामिल होने चाहिए।
एक अन्य प्रश्न पर उन्होंने कहा कि सरकार की कोशिश उन पर काबू पाने की है तो वह पूरी तरह से गलत दिशा में जा रही है। उन्होंने मुख्यमंत्री को चुनौती दी कि उन्हें नेताओं के नाम मालूम हैं तो उनका खुलासा करें और उन पर एफआईआर दर्ज कराएं।
उन्होंने कहा कि सरकार के खिलाफ कांग्रेसी सड़कों पर उतरेंगे। वह स्वयं त्यूनी महाविद्यालय में छात्रों के चल रहे धरने में बैठने जा रहे हैं, जहां सरकार एक प्रचार्य की तैनाती तक नहीं कर पाई। उन्होंने सरकार से तत्काल लोकायुक्त बनाने और एनएच-74 और छात्रवृत्ति घोटाले की सीबीआई जांच कराने की मांग की।
पत्रकार वार्ता में प्रदेश सह प्रभारी संजय कपूर, नेता प्रतिपक्ष डॉ. इंदिरा हृदयेश, प्रदेश महामंत्री नवीन जोशी, महानगर के पूर्व अध्यक्ष लाल चंद शर्मा, प्रदेश प्रवक्ता दीप बोहरा, आरपी रतूड़ी, मनीष नागपाल, गरिमा दसौनी समेत कई अन्य नेता उपस्थित थे।
मुझे रानीखेत के विधायक ने बताया कि वहां कांग्रेस नेता की पत्नी रचना रावत जो ब्लाक प्रमुख हैं, पर भाजपा में शामिल होने का दबाव बनाया गया। जब उन्होंने भाजपा में शामिल होने से मना कर दिया तो उसके पति के बार का लाइसेंस निरस्त करा दिया गया। सरकार बदले की भावना से काम कर रही है, जिसे किसी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
-डॉ. इंदिरा हृदयेश, नेता प्रतिपक्ष
काठ की हांडी एक ही बार चढ़ती है। केंद्र और राज्य की भाजपा सरकारें पूरी तरह से विफल हैं। अपनी विफलता पर पर्दा डालने के लिए वे अब बदले की सियासत पर उतर आई हैं। वक्त आ गया है कि कांग्रेसी सड़कों पर उतरें और भाजपा सरकारों को मुंह तोड़ जवाब दें।
- संजय कपूर, प्रदेश सह प्रभारी, कांग्रेस