सूचना के अधिकार (आरटीआई) के तहत अपीलों के निस्तारण को गंभीरता से न लेने पर शासन ने सख्त रुख अपनाया है। मुख्य सचिव शत्रुघ्न सिंह ने सभी अपीलीय अधिकारियों को सूचना पूरी उपलब्ध कराकर ही प्रथम अपील निस्तारित करने का निर्देश दिया है।
राज्य सूचना आयोग ने भी अपीलीय अधिकारियों के इस रवैये पर नाराजगी जताई थी। आयोग का कहना था कि विभागीय अपीलीय अधिकारी केवल सूचना उपलब्ध कराने का निर्देश देकर अपीलों का निस्तारण कर रहे हैं। इससे द्वितीय अपील के रूप में आयोग को अधिक संख्या में आवेदन मिल रहे हैं।
राज्य सूचना आयोग की इस शिकायत का संज्ञान लेते हुए अब मुख्य सचिव शत्रुघ्न सिंह ने प्रमुख सचिवों, सचिवों, जिलाधिकारियों को प्रथम अपील को गंभीरता से लेने का निर्देश दिया है। मुख्य सचिव की ओर से जारी आदेश में कहा गया है कि विभागीय अपीलीय अधिकारी सूचना उपलब्ध कराने के बाद ही अपीलों का निस्तारण करें।
इसके लिए 15-15 दिन का समय लिया जा सकता है। सूचना के अधिकार के तहत लोक सूचना अधिकारी से दी गई सूचना से असंतुष्ट होने पर आवेदक अपील में जा सकता है। इसके तहत विभाग के स्तर पर प्रथम अपील की जा सकती है। प्रथम अपील से संतुष्ट न होने पर द्वितीय अपील आयोग में की जा सकती है।