दून में स्थापित विश्व का पहला यूनेस्को कैटेगरी-2 सेंटर फॉर वर्ल्ड नेचुरल हेरिटेज मैनेजमेंट एंड ट्रेनिंग फॉर एशिया एंड पैसिफिक रीजन दुनिया के 51 देशों को प्राकृतिक धरोहरों व पर्यावरण आदि के संबंध में प्रशिक्षण देगा।
शनिवार को केंद्रीय वन, पर्यावरण एवं जलवायु परिवर्तन मंत्री डॉ. हर्षवर्धन ने सेंटर के भवन का उद्घाटन किया। उन्होंने कहा कि सेंटर में विज्ञानियों को प्राकृतिक धरोहरों और पर्यावरण संरक्षण का ऐसा मॉडल विकसित करना होगा, जो विश्व के सभी देशों के लिए अनुकरणीय हो।
यूनेस्को कैटेगरी टू सेंटर का भवन भारतीय वन्य जीव संस्थान (डब्ल्यूआईआई) परिसर में बनाया गया है। इस भवन का 30 अगस्त, 2015 को तत्कालीन केंद्रीय वन एवं पर्यावरण मंत्री प्रकाश जावड़ेकर ने शिलान्यास किया था।
शनिवार को उद्घाटन के मौके पर यूनेस्को की निदेशक डॉ. मेकफील्ड ने (फ्रांस) और आईसीयूएन के निदेशक टिम बैडमैन ने स्विट्जरलैंड से वीडियो मैसेज भेजकर केंद्रीय मंत्री डॉ. हर्षवर्धन और सेंटर के निदेशक डॉ. वीबी माथुर को बधाई दी। इस मौके पर महानिदेशक वन एवं पर्यावरण ने कहा कि हाथी, बाघ, शेर और मगरमच्छों की संख्या देश में बढ़ रही है, जबकि कई देशों में उनकी प्रजाति संकटग्रस्त हो गई है।