फिर सीएम धामी ने युवाओं की मांग पर बात करते हुए कहा, मैं पहले भी कह चुका हूं और आज फिर कह रहा हूं, जितने भी परीक्षा देने वाले हमारे बच्चे हैं, मेरे भाई-बहन हैं, मेरे बेटे-बेटियां हैं, उन सभी के मुकदमे हम स्वत: ही वापस ले लेंगे, आप हमें उन सभी की लिस्ट बना कर दे दें। इस बात पर भी युवाओं ने तालियों के साथ स्वागत किया। सीएम धामी ने कहा, भर्ती परीक्षा प्रकरण के संबंध में जो भी बातें हैं हम उन्हें आपस में बात कर लेंगे। मैं बिल्कुल भी नहीं चाहता कि किसी भी भर्ती प्रक्रिया में एक भी प्रश्न चिह्न भर्ती प्रक्रिया पर लगे। इस बात का भी युवाओं ने तालियों के साथ स्वागत किया।
फिर सीएम धामी ने कहा, आप लोग अकेले धरने पर नहीं बैठे हैं, मैं भी आपके साथ आया हूं और हम सब लोग मिलकर भर्ती प्रक्रिया को अच्छा करेंगे और प्रदेश भी हमारे देश का सबसे अच्छा प्रदेश बने। सीएम की करीब पांच मिनट की बात बेरोजगार युवाओं ने बहुत धैर्य और शांतिपूर्ण ढंग से सुनी और युवाओं के बीच से फिर आवाज आई पेपर रद्द करो या सीबीआई जांच कराओ।
सीएम ने कहा, एसआईटी जांच हो रही है, इस बात पर युवा नहीं माने और एक स्वर में सीबीआई जांच की बात कही। फिर उन्होंने कहा, जितनी भी मांगे आई हैं उन पर सरकार की ओर से सकारात्मक कार्रवाई की जाएगी। इसके बाद सीएम धामी की ओर से पेपर लीक प्रकरण की सीबीआई जांच की संस्तुति के बाद बेरोजगार संघ के पदाधिकारियों ने धरना स्थगित करने का फैसला लिया।