आरएमएस को दिया था दोनों पेपर छापने का ठेका
स्नातक स्तरीय भर्ती परीक्षा के पेपर लीक मामले में घिरी कंपनी आरएमएस ने ही रक्षक भर्ती का प्रश्न पत्र भी छापा था। दोनों पेपर कंपनी ने एक ही प्रिंटिंग प्रेस में छापे थे। अधीनस्थ सेवा चयन आयोग का दावा भले ही चार कंपनियों से परीक्षा सामग्री प्रकाशित करवाने का रहा हो लेकिन बेहद कम अंतराल पर हुई दो परीक्षाओं के पेपर आयोग ने एक ही कंपनी आरएमएस टेक्नो सॉल्यूशंस से छपवाए। लखनऊ की इस कंपनी ने पहले 29 सितंबर को हुई सचिवालय सुरक्षा संवर्ग की रक्षक भर्ती परीक्षा का पेपर छापा। इसके बाद चार-पांच दिसंबर को हुई स्नातक स्तरीय भर्ती परीक्षा का पेपर प्रकाशित किया। पहले स्नातक स्तरीय भर्ती के पेपर लीक का पटाक्षेप हुआ और इसके बाद अब रक्षक भर्ती का पर्चा लीक होने का राज भी खुल गया।
रक्षक भर्ती से हुआ ट्रायल, स्नातक स्तरीय में बड़ा खेल
माना जा रहा है कि रक्षक भर्ती परीक्षा से पेपर लीक करने का ट्रायल हुआ। पेन ड्राइव के माध्यम से प्रिंटिंग प्रेस से ही पेपर की कॉपी को बाहर भेजा गया। माना जा रहा है कि नकल माफियाओं ने छोटी परीक्षा होने के नाते पेपर लीक को सुरक्षित आंका था। इसके बाद स्नातक स्तरीय परीक्षा में बड़े पैमाने पर खेल किया गया। इस बार पेन ड्राइव के बजाय टेलीग्राम ऐप के माध्यम से पेपर लीक किया गया।