किंग्रेग पार्किंग के ठेकेदार ने टैक्सी वाहनों को एक फ्लोर किराये पर दे दिया। जिसका मसूरी टैक्सी कार एसोसिएशन ने विरोध शुरू कर दिया है। एसोसिएशन ने हंगामा करते हुए कहा, बाहरी टैक्सी संचालकों को पार्किंग से टैक्सी संचालन नहीं करने दिया जाएगा। शहर कोतवाल मौके पर पहुंचे और दोनों पक्षों से शांति से मामला सुलझाने की अपील की।
बहुमंजिला पार्किंग का एक फ्लोर एक साल के लिए किराये पर लेने का दावा करने वाले टैक्सी संचालक सुमित ने बताया कि पर्यटन विभाग से यह पार्किंग किराये पर कुछ टैक्सी संचालकों ने ली थी। इससे यह सुविधा मिलने लगी उनकी टैक्सी सड़क पर नहीं खड़ी होने लगीं। कहा कि शासन-प्रशासन बताए कि क्या यूनियन से बाहर के लोग शहर में टैक्सी संचालन कर रोजगार नहीं कर सकते। सुमित ने यह भी कहा कि पूरे मामले को शासन-प्रशासन सहित उचित प्लेटफार्म तक लेकर जाएंगे।
मसूरी टैक्सी कार एसोसिएशन के महामंत्री सुंदर सिंह पंवार ने कहा कि किंग्रेग की पार्किंग पर्यटन विभाग की है और विभाग ने ठेकेदार को पार्किंग को ठेके पर दिया, लेकिन ठेकेदार पार्किंग पर अतिक्रमण कर रहा है। इसी का विरोध करते हुए एसडीएम, शहर कोतवाल को सूचना दी। कहा कि पार्किंग सिर्फ पर्यटकों और स्थानीय लोगों की सुविधा के लिए बनाई गई। कहा कि पार्किंग को टैक्सी यूनियन के लिए देने के लिए कैबिनेट मंत्री सतपाल महाराज, गणेश जोशी से भी पर्यटन विभाग के लिए पत्र लिखा है।
शहर कोतवाल मनोज असवाल ने बताया कि दोनों पक्षों से पार्किंग को लेकर दस्तावेज दिखाने के लिए कहा गया। जिसके पास पार्किंग के किराये पर लेने के सही दस्तावेज होंगे उन्हें ही पार्किंग मिलेगी। प्राइवेट कंपनी ने पार्किंग का एक हिस्सा किराये पर दिया जिसका टैक्सी यूनियन विरोध कर रहा है। दोनों पक्षों को दस्तावेज के साथ बाद बुलाया गया।