वित्तीय वर्ष में राजकोषीय घाटा 6798.16 करोड़ है। सरकार का दावा है कि राजकोषीय घाटा उत्तराखंड उत्तदायित्व एवं बजट प्रबंधन अधिनियम की सीमा के अंदर है। कर मुक्त बजट में सरकार ने केंद्र की मोदी सरकार के अंतरिम बजट की तर्ज पर किसानों और खेती को खास तरजीह दी है।
बजट में कृषि क्षेत्र से जुड़ी केंद्रीय योजनाओं का विशेष उल्लेख किया गया है। बजट में सरकार ने नई योजनाओं या घोषणाएं करने के बजाय पिछले कुछ महीनों में घोषित योजनाओं और कार्यक्रमों पर फोकस किया और उन्हीं में वित्तीय प्रावधान किए हैं।
कृषि के अलावा ग्रामीण एवं नगरीय विकास आवास एवं शहरी विकास को भी बजट में महत्व दिया गया है उनके बजट में वृद्धि की गई है। गैर योजना और योजना के स्थान पर बजट की नई व्यवस्था के तहत राजस्व लेखा व्यय 38932.70 करोड़ और पूंजी लेखा व्यय 9731.20 करोड़ रुपये का प्रावधान किया है।
कुल बजट का 42 फीसदी धनराशि सरकार वेतन, पेंशन और सेवानिवृत्ति के दौरान के प्रावधानों पर करेगी। बजट में वित्तीय वर्ष के दौरान कर्मचारियों के वेतन-भत्तों के लिए 14513.79 करोड़ का प्रावधान किया गया है, जबकि पेंशन व अन्य सेवानिवृत्तिक लाभों के लिए 5842.69 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे।