भाऊवाला मार्ग स्थित तिलवाड़ी पुल पर बुधवार सुबह ट्रैक्टर चालक रूपन सिंह (32) की मौत से आक्रोशित परिजनों और ग्रामीणों ने वाहन और शव बीच सड़क पर रखकर प्रदर्शन किया। करीब ढाई घंटे तक लगे जाम से पुल के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं और यातायात पूरी तरह बाधित रहा। मौके पर पहुंची पुलिस की मध्यस्थता में संबंधित पक्ष की ओर से मृतक के परिवार को तीन लाख रुपये की आर्थिक सहायता का आश्वासन मिलने के बाद सुबह करीब 11:30 बजे जाम समाप्त हुआ, जिसके बाद शव का अंतिम संस्कार किया गया।
मूल रूप से समस्तीपुर (बिहार) निवासी रूपन सिंह की मंगलवार तड़के स्वारना नदी में अवैध खनन के दौरान मौत हो गई थी। वन सुरक्षा दल की गश्त को देखकर भागने के प्रयास में उसका ट्रैक्टर-ट्रॉली पत्थर से टकरा गया था और पहिये के नीचे आने से उसके सिर में गंभीर चोट लगी थी। अमर उजाला के पांच अगस्त के अंक में संवाद न्यूज एजेंसी ने पत्थर से टकराया ट्रैक्टर, चालक की मौत शीर्षक से खबर प्रकाशित कर घटना खुलासा किया था।
बुधवार सुबह करीब नौ बजे परिजनों और स्थानीय लोगों ने उचित मुआवजे की मांग को लेकर पुल पर जाम लगा दिया। पुलिस की समझाइश और आर्थिक मदद पर सहमति बनने के बाद स्थिति सामान्य हुई। थाना प्रभारी लोकपाल परमार ने बताया कि ट्रैक्टर चालक की मौत के मामले में घटना के कारणों की जांच जारी है। जाम की सूचना पर पुलिस बल ने मौके पर पहुंचकर परिजनों को समझाया, जिसके बाद यातायात सुचारू करा लिया गया।