इसके बाद डीएम के आदेश पर बुधवार को जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी हरीश चंद्र शर्मा और ऊखीमठ थानाध्यक्ष होशियार सिंह पंखोली के नेतृत्व में 10 सदस्यीय दो रेस्क्यू टीमें मौके के लिए रवाना हुईं।
बर्फबारी के बीच रेस्क्यू दल के सदस्य कुंड-ऊखीमठ-चोपता-मंडल-गोपेश्वर हाईवे पर ताला-मस्तूरा से 20 किमी पैदल चलकर बनियाकुंड पहुंचे। यहां मौजूद 15 पर्यटकों को पुन: पैदल मस्तूरा तक लाया गया। इसके बाद वाहन से ऊखीमठ पहुंचाया गया।
थानाध्यक्ष पंखोली ने बताया कि अब भी 36 पर्यटक बनियाकुंड में फंसे हुए हैं, जिन्हें बृहस्पतिवार को रेस्क्यू किया जाएगा। उधर, प्रशासन द्वारा बताया गया कि मुंबई के 29 सदस्यीय पर्यटक दल में 26 स्कूली छात्र, दो टूर ऑपरेटर और एक बस चालक शामिल है। शेष 22 पर्यटक दिल्ली, नोएडा, राजस्थान व गुरुग्राम के हैं।
जो पर्यटक अब भी बनियाकुंड में हैं, उन्हें चोपता तक आने को कहा गया है। यहां पर रहने और खाने की व्यवस्था है। गुरुवार को पर्यटकों को वापस लाया जाएगा।
- हरीश शर्मा, जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी