उत्तराखंड के रामनगर में आदमखोर बाघ ने एक व्यक्ति पर हमला कर दिया। घटना गुरुवार देर रात की है।
रामनगर के नया लालढांग गांव में गुरुवार की रात एक बाघ ने ग्रामीण भीम सिंह पर हमला कर दिया। बाघ से हमले से भीम सिंह गंभीर रूप से घायल हो गए। जिन्हें स्थानीय लोगों द्वारा अस्पताल ले जाया गया। जहां उनका उपचार चल रहा है।
उधर, कोटद्वार में लैंसडौन वन प्रभाग की कोटद्वार रेंज के अंतर्गत तच्छाली गांव में पशुपालक पति-पत्नी ने आत्मरक्षा के लिए गुलदार को मार गिराया। घटना के बाद तुरंत उन्होंने वन अधिकारियों को जानकारी दी।
सूचना मिलते ही वन अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर ग्रामीणों के बयान दर्ज कर गुलदार के शव को कब्जे में लिया। उपप्रभागीय वनाधिकारी जीसी बेलवाल तथ्यों की जांच में जुट गए हैं। घटना बुधवार शाम करीब पांच बजे की बताई जा रही है।
दुगड्डा ब्लाक के घाड़ क्षेत्र के तच्छाली गांव में विजय कुमार बेवनी पुत्र गुणानंद अपनी पत्नी के साथ गांव से सटे जंगल से बकरियां चुगाकर लौट रहे थे। तभी गुलदार उनकी बकरियों पर हमला बोलकर एक बकरी को मारकर ले जाने लगा। दंपति के शोर मचाने पर गुलदार ने उन पर हमले की कोशिश की तो आत्मरक्षा के लिए दंपति ने पाठल से गुलदार के सिर पर प्रहार कर दिया।
गुलदार बेहोश होकर गिर पड़ा। पति-पत्नी मौके से जाने लगे तभी गुस्साए गुलदार ने फिर उन पर हमला कर दिया। उन्होंने एक बार फिर पाठल से गुलदार पर प्रहार कर जान बचाई। इस बार पाठल गुलदार की कमर पर लगी। पाठल के प्रहार के बाद भी जब वह आगे बढ़ने लगा तो पत्नी-पत्नी जान बचाने की खातिर पहाड़ी पर चढ़ गए और गुलदार पर पत्थरों से वार किया।
पत्थरों से हमले के दौरान गुलदार पहाड़ी से खाई में जा गिरा, जहां उसकी मौत हो गई। गुलदार के खाई में गिरने के बाद उन्होंने वन कर्मचारियों को घटना की जानकारी दी। बताया कि खुद की जान बचाने की खातिर उन्हें गुलदार पर हमला करना पड़ा, नहीं तो गुलदार उन्हें निवाला बना देता।