प्रदेश में बड़े पैमाने पर इस योजना का लोगों ने लाभ लिया है। चूंकि इस योजना के तहत गैस कनेक्शन मुफ्त दिए जा रहे हैं, तो कई लाभार्थी परिवार के लोग इसे दोबारा पाने के लिए गलत तरीकों का इस्तेमाल करने से बाज नहीं आ रहे हैं।
चूंकि तेल कंपनी ने सभी गैस कनेक्शन ऑनलाइन कर रखे हैं। हर लाभार्थी परिवार के मुखिया समेत सभी सदस्यों के नाम और उनके आधार नंबर पोर्टल में दर्ज किए गए हैं।
लिहाजा आवेदन पोर्टल पर अपलोड करते ही अलग परिवार की पहचान के तौर पर फार्म भरने के बावजूद यह पता चल जाता है कि अमुक आवेदक फलां परिवार से हैं, जिसे योजना के तहत पहले ही लाभ प्राप्त हो चुका है।
हाल ही में तेल कंपनी ने पोर्टल पर छंटनी की तो पता चला कि ऐसे नौ हजार आवेदन उज्ज्वला योजना के तहत किए गए हैं, जिन लोगों के परिवार को पूर्व में गैस कनेक्शन जारी किए जा चुके हैं। मामले का खुलासा होने के बाद तेल कंपनी से सभी आवेदनों को निरस्त कर दिया गया है।
पोर्टल पर अभी तक जिले के नौ हजार आवेदन ऐसे पाए गए हैं जो उस परिवार से संबंधित सदस्यों के हैं, जिन्हें पहले ही योजना का लाभ मिल चुका है। ऐसे आवेदनों को निरस्त कर दिया गया है। साथ ही गैस एजेंसियों को चेतावनी दी है कि वह उपभोक्ताओं के आवेदन को अपने पोर्टल पर जांच करने के बाद ही तेल कंपनी के पोर्टल पर अपलोड करें।
- सुधीर कश्यप, एरिया मैनेजर, इंडियन ऑयल कॉरपोरेशन