एसएसपी डॉ. योगेंद्र सिंह रावत ने कहा कि विवेचनात्मक कार्रवाई में कोई लापरवाही हुई तो विवेचक पर विभागीय कार्रवाई की जाएगी। डॉ. रावत मंगलवार को क्राइम मीटिंग में सीओ और थाना प्रभारियों को निर्देशित कर रहे थे। उन्होंने लंबित विवेचनाओं को निपटाने के लिए शुरू होने वाले अभियान की जानकारी भी दी।
बैठक में लंबित विवेचनाओं, ई-चालानों, लंबित शिकायती पत्रों और गुमशुदगी के मामलों की समीक्षा की गई। उन्होंने एक वर्ष से अधिक समय से लंबित विवेचनाओं का ब्योरा भी तलब किया।
कहा कि किसी भी विवेचना को अनावश्यक रूप से लंबित न रखा जाए। उन्होंने शिकायती प्रार्थनापत्रों के भी त्वरित निस्तारण की कार्ययोजना तैयार करने को कहा। एक माह से अधिक समय से लंबित शिकायती पत्रों का एक सप्ताह के अंदर निस्तारण करने को कहा गया।
उन्होंने साइबर अपराध की रोकथाम और कार्रवाई के लिए बनाए गए हेल्पलाइन नंबर से भी लोगों को जागरूक करने के निर्देश दिए। उन्होंने ई-चालान मशीनों से चालान काटने पर जोर दिया।
सहसपुर पुलिस की तारीफ की
गोष्ठी में गत 22 से 28 जून तक चलाए गए ड्रग्स जागरूकता सप्ताह की जानकारी भी एसएसपी ने ली। इस दौरान सभी ने एनडीपीएस के तहत कार्रवाई का ब्योरा कप्तान को उपलब्ध कराया। इस पर उन्होंने सहसपुर पुलिस की तारीफ की। बता दें कि बीते तीन दिनों के भीतर सहसपुर पुलिस ने करीब एक किलोग्राम स्मैक बरामद कर कई तस्करों को पकड़ा है। इनमें दो बड़ी कार्रवाई 400-400 ग्राम से अधिक की हैं। इनमें अंतर्राज्यीय तस्कर गिरफ्तार किए गए हैं।