दून विश्वविद्यालय ने बीटेक कंप्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग (सीएसई) कार्यक्रम में प्रवेश के लिए प्रथम चरण की काउंसलिंग सोमवार को पूरी हुई। इसमें यह प्रवेश प्रक्रिया जेईईइ स्कोर पर आधारित रही, जिससे चयन मेरिट आधार पर किया गया। इसमें 47 मेधावी छात्रों का चयन किया गया। विवि की कुलपति प्रो. सुरेखा डंगवाल ने कहा, तकनीकी शिक्षा में गुणवत्ता और नवाचार के प्रति विवि की प्रतिबद्धता विद्यार्थियों की पहली पसंद बना रही है। कहा, सीएसई कार्यक्रम को उद्योग की आवश्यकताओं के अनुरूप तैयार किया गया है, जिससे विद्यार्थियों को उच्च गुणवत्ता वाली तकनीकी शिक्षा और बेहतर रोजगार के अवसर मिल सकें। इस वर्ष विवि में बीटेक सीएसई का तीसरा बैच प्रवेश ले रहा है। कार्यक्रम को राष्ट्रीय शिक्षा नीति (एनईपी)-2020 के अनुरूप विकसित किया गया है। जिसमें आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) को माइनर विषय के रूप में विकल्प दिया गया है। साथ ही साइबर सुरक्षा, कंप्यूटर विजन, वर्चुअलाइजेशन और क्लाउड कंप्यूटिंग, क्लाउड सुरक्षा जैसे कौशल-आधारित और अत्याधुनिक विषय शामिल हैं। ये विषय छात्रों को तकनीकी दक्षता के साथ-साथ उत्कृष्ट रोजगार संभावनाएं भी प्रदान करते हैं। बताया, प्रथम चरण की काउंसलिंग में ऑल इंडिया सामान्य वर्ग की कटऑफ 80, उत्तराखंड सामान्य वर्ग की 75 तथा ईडब्ल्यूएस और ओबीसी वर्गों के लिए 60 निर्धारित की गई थी। इस दौरान डॉ. नरेंद्र कुमार, डॉ. प्रीति मिश्रा, डॉ. अनुज कुमार, डॉ. महीप सिंह, जगदीश गोस्वामी, कमल रावल अशोक भंडारी भी मौजूद रहे।