औद्योगिक क्षेत्र सेलाकुई में अवैध रिफिल और ब्लैक के एलपीजी सिलिंडर का खतरनाक कारोबार जोरों पर चल रहा है। अवैध गैस रिफिलिंग के चलते सिलिंडर में लीकेज से दुर्घटना की आशंका बनी रहती है।
बीते अप्रैल माह में जौनसार बावर के त्यूणी में सिलिंडर फटने से चार बच्चियों के जिंदा जलने से लोग सबक नहीं ले रहे हैं। सेलाकुई में अवैध रिफिल और ब्लैक के सिलिंडर का प्रयोग कर लोग अपनी जान खतरे में डाल रहे हैं। अधिकृत गैस एजेंसी व्यवसायिक, घरेलू और छोटे सभी तरह के एलपीजी गैस सिलिंडर उपलब्ध करवाती हैं। लेकिन सिलिंडर के लिए लोगों को शुल्क देकर कनेक्शन लेना पड़ता है।
फैक्टरीकर्मी कनेक्शन के पैसे बचाने के लिए छोटे और बड़े ब्लैक के सिलिंडर लेते हैं। इसमें केवल जरूरत के हिसाब से गैस भराने और कनेक्शन के खर्च की बचत होती है। ब्लैक के सिलिंडर में घटतौली कर छोटे सिलिंडरो में अवैध रिफिलिंग की जाती है। कई बार रबर सील कट जाती है या अपने स्थान से हट जाती है।
ऐसे में सिलिंडर से गैस लीकेज होने लगती है। मंगलवार को भी जाहिद खान की पत्नी अमाना बेगम ने एक गाड़ी से एलपीजी गैस सिलिंडर लिया और उसकी जांच करवाना भूल गई। सिलिंडर में लीकेज हो रहा था, जैसे ही गैस चूल्हे को चालू किया तो आग लग गई।
Iमुकदमे दर्ज होने के बाद भी अवैध रिफिलिंग जारीI
जिला पूर्ति विभाग अवैध गैस रिफिलिंग को लेकर लगातार कार्रवाई कर रहा है। एक बार की कार्रवाई में 30 से 50 सिलिंडर जब्त किए जाते हैं। कारोबार संचालित करने वाले लोगों पर मुकदमे दर्ज करवाए जाते हैं। इसके बावजूद क्षेत्र में अवैध गैस रिफिलिंग और ब्लैक के सिलिंडर का धंधा फलफूल रहा है।
Iमुनाफा के चक्कर में जीवन से खिलवाड़I
सेलाकुई में करीब 75 हजार लोग रहते हैं। इनमें करीब 45 से 46 हजार कारखानों में काम करने वाल कर्मचारी शामिल हैं। फैक्टरीकर्मी सबसे अधिक अवैध छोटे और ब्लैक के एलपीजी सिलिंडर का प्रयोग करते हैं। जबरदस्त मांग के चलते यहां गली मोहल्लों में भी छोटे और बड़े सिलिंडर आसानी से मिल जाते हैं। हर जगह दुकानों में अवैध गैस रिफिलिंग की जाती है। कई बार लीकेज के चलते गैस सिलिंडर में आग की घटनाएं भी होती है। लेकिन लोग नहीं मानते हैं।
Iक्षेत्र में लगातार अभियान चलाया जाता है। अवैध सिलिंडर, रिफिलिंग किट जब्त की जाती है। एक बार फिर अभियान चलाया जाएगा। लोगों को भी अपनी सुरक्षा के प्रति सजग होना चाहिए। अवैध रूप से रिफिल सिलिंडर में लीकेज की आशंका बनी रहती है। अगर डिलीवरी बॉय सिलिंडर दे आ रहा है तो लीकेज की जांच जरूर करवाएं। - सुनील देवली, क्षेत्रीय पूर्ति अधिकारीI