मिलिट्री की परेड से पहले दून की नींद उड़ गई है। इसकी वजह जानकर शायद आपकी भी नींद उड़ जाए। दून में एक युवा का आतंकी संगठन हिजबुल मुजाहिदीन से कनेक्शन पाया गया है। इसके बारे में जो जानकारी सामने आयी है वह चौंकाने वाली है। आगे पढ़िए...
आतंकी संगठन हिजबुल मुजाहिदीन से संबंध और हिजबुल कमांडर के जनाजे के दौरान पत्थरबाजी के मामले में वांटेड कश्मीर के हंदवाड़ा क्षेत्र में सेना की 21 राष्ट्रीय रायफल्स के सामने बुधवार को जिस युवक दानिश अहमद ने कश्मीर में आत्मसमर्पण किया वह देहरादून स्थित दून पीजी कालेज ऑफ एग्रीकल्चर साइंस एंड टेक्नालॉजी में बीएससी तृतीय वर्ष का छात्र है। बकौल दानिश हिज्ब कमांडरों ने उसे उत्तरी कश्मीर के स्थानीय युवाओं को आतंकवाद में शामिल होने की जिम्मेदारी दी थी।
पत्थरबाजी का एक वीडियो वायरल होने के बाद आतंकी संगठन हिजबुल मुजाहिदीन से संबंध और हिजबुल कमांडर के जनाजे के दौरान पत्थरबाजी के आरोप में सेना और कश्मीर पुलिस दानिश की तलाश कर रहीं थी।
उसके आतंकी संगठन हिजबुल मुजाहिदीन से संबंध पुष्टि होने से स्थानीय खुफिया एजेंसियों की नींद उड़ गई, क्योंकि दो दिन के बाद इंडियन मिलिट्री एके डमी (आईएमए) की परेड है। दानिश से जुड़े अन्य लोगों की निगरानी बढ़ाए जाने के साथ कई अन्य संदिग्धों को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया गया है।
कुपवाड़ा का रहने वाला दानिश कुछ दिन पहले अचानक लापता हो गया था। पुलिस प्रवक्ता ने बताया कि हाल ही में दक्षिणी कश्मीर के त्राल में हिज्ब कमांडर सब्जार भट के जनाजे का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था, जिसमें पाउच और एक ग्रेनेड लिए युवक देखा गया था।