निजी अंगों के साथ छेड़छा़ड़ और दुष्कर्म किया
किशोरी ने बताया कि वे सभी जनार्धन बिंजोला को पापा कहकर पुकारते थे। उसने एक दिन कहा कि सिर में दर्द हो रहा है, ऐसे में वह उसके कमरे में सो जाए। उसकी बातों में आकर वह उसके साथ सो गई। रात को उसने निजी अंगों के साथ छेड़छा़ड़ और दुष्कर्म किया। उसने इसकी शिकायत ओपर्णा से की तो उसने चुप रहने के लिए कहा।
इसके बाद डेढ़ साल तक कई बार हैवानियत की गई। जब भी वे अपनी मां से फोन पर बात करतीं थीं तो फोन स्पीकर पर रखा जाता था और मां के पास नहीं जाने देते थे। जान से मारने की धमकी भी देते थे। कोर्ट ने इस मामले में जनार्धन को 20 वर्ष के कारावास और अन्य आरोपी ओपर्णा उर्फ दोपी को जुर्माने के बाद रिहा करने का आदेश दिया है।
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28 फरवरी को इस तरह के दूसरे मामले में हो चुकी है सजा
जनार्धन बिंजोला को इसी तरह के दूसरे मामले में 28 फरवरी को 20 वर्ष की सजा सुनाई जा चुकी है। अब एक बार फिर से दूसरी किशोरी के साथ हैवानियत करने पर न्यायालय ने सजा सुनाई है। पिछले मामले में भी किशोरी ने दुष्कर्म का आरोप लगाया था।